आप राजनीति करिए, मैं काम करता रहूंगा: शिवराज सिंह चौहान

भोपाल। देश में कोरोना वायरस का कहर जारी है। मध्य प्रदेश भी इससे अछूता नहीं है। राज्य में कोरोना के संक्रमण के मामले 1100 के पार हो चुके हैं। इन सबके बीच कांग्रेस और बीजेपी के बीच जुबानी जंग भी जारी है। मध्य प्रदेश कांग्रेस ने गुरुवार शाम आरोप लगाया कि शिवराज की सरकार बनवाने के लिए लॉकडाउन देर से लागू किया गया जिसकी वजह से संक्रमण और तेजी से फैला। इसके बाद कांग्रेस पर पलटवार करते हुए शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि आप राजनीति करिए, मैं काम करता रहूंगा।
मध्य प्रदेश कांग्रेस के आरोपों पर पलटवार करते हुए सीएम शिवराज सिंह चौहान ने गुरुवार देर शाम ट्वीट करते हुए कहा- आप बस राजनीति करें, मैं बस काम करता रहूंगा। जिसके बाद शिवराज सिंह चौहान के इस ट्वीट को रिट्वीट करते हुए मध्य प्रदेश कांग्रेस ने लिखा- ‘ये आदमी कुछ दिन सत्ता भूख और बर्दाश्त कर लेता तो मप्र में एक भी मौत नहीं होती।’
कांग्रेस का तंज: शिवराज लाए कोरोना
इससे पहले कांग्रेस ने गुरुवार शाम शिवराज सिंह चौहान पर निशाना साधते हुए एक ट्वीट किया जिसमें लिखा है- मध्य प्रदेश में यदि शिवराज का कांग्रेस सरकार गिराने का मिशन नहीं होता तो लॉकडाउन पहले ही लागू हो जाता और संक्रमण नहीं फैलता। कांग्रेस पार्टी ने अपने एक दूसरे ट्वीट में मध्य प्रदेश में हुई सियासी गतिविधियों का क्रम बताया है। कांग्रेस ने ट्वीट में लिखा है, ‘3 से 12 मार्च- दुनिया में कोरोना से हाहाकार मचा हुआ था और बीजेपी 22 विधायकों को बेंगलुरु ले गई थी। मार्च 13 से 19- स्कूल, सिनेमा, मॉल सब बंद कर दिए गए तो और उधर बीजेपी फ्लोर टेस्ट की मांग करने लगी। मार्च 20 से 23- कमलनाथ सरकार गिराई और शिवराज सिंह चौहान मुख्यमंत्री बने। मार्च 24- बीजेपी का मिशन पूरा और पूरे देश में लॉकडाउन लगा दिया गया।’ कांग्रेस ने इन दोनों ट्वीट के साथ ही लिखा है कि ‘शिवराज लाए कोरोना।’
मध्य प्रदेश में कोरोना मरीजों की संख्या 1100 के पार
गौरतलब है कि कोरोना वायरस संक्रमण के मामले में मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, दिल्ली व तमिलनाडु के बाद चौथे नंबर पर हैं। यहां अबतक कोरोना के 1120 मामले सामने आ चुके हैं और 50 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। मध्य प्रदेश में कोरोना से सबसे ज्यादा प्रभावित इंदौर है जहां अकेले ही मरीजों की संख्या 800 पार हो चुकी है और संक्रमण की वजह से करीब 47 लोगों की मौत भी हो चुकी है।
-एजेंसियां

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