SSP बुलंदशहर N. Kolanchi निलंबित, सोनभद्र के डीएम, SSP भी हटाए गए

लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने शनिवार देर रात बुलंदशहर के SSP एन कोलांची को थानेदारों की तैनाती में अनियमितता के आरोप में निलंबित कर दिया। चंदौली के एस पी संतोष कुमार सिंह को बुंलदशहर का नया एसएसपी बनाया गया है जबकि चंदौली में हेमंत कुटियाल को तैनाती दी गई है। कुटियाल एसडीआरएफ में सेनानायक के पद पर तैनात थे।
अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश अवस्थी ने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा कानून-व्यवस्था की समीक्षा के दौरान बुलंदशहर में थानेदारों की तैनाती में अनियमितता की बात सामने आई थी।

अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश कुमार अवस्थी ने बताया कि मुख्यमंत्री ने कानून-व्यवस्था की समीक्षा में लापरवाही बरतने व अनियमितता पर एसएसपी बुलंदशहर के खिलाफ कार्रवाई का निर्देश दिया। डीजीपी ओपी सिंह की रिपोर्ट को आधार बनाकर निलंबन की कार्रवाई की गई। रिपोर्ट में सामने आया कि बुलंदशहर के एसएसपी एन.कोलांची की कार्यप्रणाली ठीक नहीं है। गोपनीय जांच के दौरान पाया गया कि बुलंदशहर में दो थाने ऐसे थे जहां एसएसपी एन. कोलांची ने थानेदारों को सात दिन से भी कम समय की तैनाती दी। एक थाना ऐसा था जिस पर मात्र 33 दिन में थानेदार को बदल दिया गया। यह डीजीपी की निर्धारित प्रक्रिया के विपरीत था। इतना ही नहीं कोलांची ने दो ऐसे थानेदारों को बतौर प्रभारी तैनात कर दिया जिनको पूर्व में परिनिंदा प्रविष्टि दी गई। ऐसे में कोलांची ने जो प्रक्रिया अपनाई वह पारदर्शी नहीं थी।

मुख्यमंत्री ने डीजीपी मुख्यालय से गोपनीय जांच कराई। गोपनीय जांच के दौरान पाया गया कि बुलंदशहर में दो थाने ऐसे थे जहां सात दिन से भी कम समय की तैनाती थानेदारों को दी गई जबकि एक थाना ऐसा था जिस पर मात्र 33 दिन में थानेदार को बदल दिया गया जो डीजीपी द्वारा निर्धारित प्रक्रिया के विपरीत था।

सोनभद्र के डीएम, एसएसपी भी हटाए गए
लखनऊ। सीएम योगी ने सोनभद्र मामले में रेणुका कुमार की रिपोर्ट स्वीकार करते हुए बड़ा एक्शन लिया है। सोनभद्र के डीएम अंकित अग्रवाल को हटा दिया गया। एस राम लिंगम सोनभद्र के डीएम बनाए गए। वहीं एसपी सोनभद्र सलमान ताज पाटिल हटाए गए। प्रभाकर चौधरी को नया एसपी बनाया गया है।
आपको बता दें कि सोनभद्र में 10 लोगों के नरंसहार के बाद राजनीतिक गलियारों में गहमागहमी चल रही थी।
डीएम सोनभद्र और एसपी सोनभद्र हटाये गए। उनके ख़िलाफ़ विभागीय कार्रवाई शुरू की गई है। 1989 में राबर्ट्सगंज के तहसीलदार, एसडीएम के ख़िलाफ़ मुकदमा होगा। मौजूदा एसडीएम, सीओ, सहायक परगना अधिकारी, एसओ, एसआई, सहायक निबंधक संस्पेंड, मुकदमा चनेगा।

-एजेंसियां

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