वायरोलॉजी इंस्टिट्यूट पर दुनिया की नजर, यहीं से वायरस निकलने का शक

लंदन। कोरोना वायरस के संक्रमण के कारण चीन के वायरोलॉजी इंस्टिट्यूट पर सबकी नजर है और इसकी वजह यह कि अमेरिका को ऐसा शक है कि कोविड19 महामारी यहीं से फैली है।
दूसरी ओर अब ऐसा दावा भी किया जा रहा है कि चीन के वुहान में मौजूद हाई-सिक्योरिटी लैब को अक्टूबर में बंद कर दिया गया था।
एनबीसी न्यूज़ की रिपोर्ट के मुताबिक अमेरिकी खुफिया एजेंसी इससे संबंधित दस्तावेंजों की समीक्षा कर रही है। एनबीसी के लंदन मौजूद यूनिट ने दावा किया कि चीन के वुहान इंस्टिट्यूट ऑफ वायरोलॉजी के हाई सिक्योरिटी एरिया में 7 से 24 अक्टूबर 2019 के बीच तक कोई फोन एक्टिविटी नहीं देखी गई।
सेलफोन लोकेशन के डेटा के आधार पर यह रिपोर्ट तैयार की गई है जिसमें यह संकेत मिले हैं कि 6 से 11 अक्टूबर के बीच उस इलाके में संभवतः जोखिम भरा इवेंट हुआ है। हालांकि, लैब के पूरी तरह से बंद किए जाने के सबूत नहीं मिले हैं और न ही कोरोना वायरस के वहां से उत्पन्न होने के सबूत मिले हैं। हालांकि ट्रंप प्रशासन के अधिकारी लगातार यह कह रहे हैं कि वुहान लैब से कोरोना वायरस निकला है।
डॉक्यूमेंट से ऐसा संकेत मिलता है कि लैब में अगर हाई सिक्योरिटी एरिया बंद कर दिया गया था तो हो सकता है कि कोरोना वायरस दुर्घटनावश लैब से ही निकला हो, जहां चमगादड़ों पर रिसर्च किया जा रहा था। दस्तावेज में यह भी कहा गया है कि कोरोना वायरस दरअसल दिसंबर नहीं, बल्कि और पहले फैला होगा।
-एजेंसियां

50% LikesVS
50% Dislikes

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *