वर्ल्ड कप: भारत अगर बांग्लादेश से हारा तो पाकिस्तान का क्या होगा?

वर्ल्ड कप 2019 में मंगलवार को यानी आज शाम में तीन बजे से बांग्लादेश और भारत का मुक़ाबला है. इसे जीत कर भारत सेमीफ़ाइनल में अपनी जगह पक्की कर सकता है.
एक तरफ़ बांग्लादेश के लिए यह बेहद अहम मुक़ाबला है क्योंकि सेमीफ़ाइनल की रेस में बने रहने के लिए उसे भारत और पाकिस्तान के ख़िलाफ़ अपने बाक़ी बचे दोनों मैच जीतने होंगे.
वहीं भारत और बांग्लादेश के मुक़ाबले पर पाकिस्तान की भी नज़र बनी हुई है. अगर भारत और पाकिस्तान के ख़िलाफ़ बांग्लादेश मैच जीत गया और न्यूज़ीलैंड से इंग्लैंड हार गया तो पाकिस्तान को पीछे छोड़ते हुए बांग्लादेश सेमीफ़ाइनल में पहुंच सकता है.
भारत की क्या स्थिति होगी?
वैसे तो बांग्लादेश पर भारत की जीत से पॉइंट टेबल में उसके 13 अंक हो जाएंगे और वर्ल्ड कप 2019 के सेमीफ़ाइनल में पहुंचने वाली वो ऑस्ट्रेलिया के बाद दूसरी टीम बन जाएगी.
अगर भारत हार गया तो उसके सामने श्रीलंका के ख़िलाफ़ अपना अंतिम मुक़ाबला जीतना बेहद अहम हो जाएगा नहीं तो उसे नेट रन रेट के आधार पर सेमीफ़ाइनल में पहुंचने का इंतजार करना होगा.
भारत को सेमीफ़ाइनल में जगह तब नहीं मिलेगी जब वो बाक़ी दोनों मैच हार जाता है और इंग्लैंड न्यूज़ीलैंड को बड़े अंतर से हरा देता है. यह बांग्लादेश और पाकिस्तान के हक़ में जाएगा.
बांग्लादेश जीता तब स्थिति क्या होगी?
भारत पर बांग्लादेश की जीत से उसके पाकिस्तान के बराबर 9 अंक हो जाएंगे और वर्तमान पॉइंट टेबल में वह श्रीलंका और पाकिस्तान को पछाड़ते हुए नंबर पाँच पर आ जाएगा. इसके बाद वर्ल्ड कप में पाकिस्तान के ख़िलाफ़ उसका मैच बेहद अहम हो जाएगा.
बांग्लादेश की सेमीफ़ाइनल में पहुंचने की उम्मीद तभी है जब वो भारत और पाकिस्तान दोनों को हरा देगा. दोनों को हराने के बाद यदि न्यूज़ीलैंड से इंग्लैंड हार गया तो बांग्लादेश नेट रन रेट के आधार पर सेमीफ़ाइनल में पहुंच सकता है.
न्यूज़ीलैंड-इंग्लैंड मैच का विजेता सेमीफ़ाइनल में
अब बांग्लादेश और पाकिस्तान के बीच मुक़ाबले से पहले बुधवार को इंग्लैंड और न्यूज़ीलैंड के बीच मैच खेला जाना है. न्यूज़ीलैंड के 11 और इंग्लैंड के 10 अंक हैं. जो भी टीम यह मैच जीती उसका सेमीफ़ाइनल का टिकट पक्का. जो दूसरी टीम रह गई वो आगे शुक्रवार को पाकिस्तान-बांग्लादेश और शनिवार को भारत-श्रीलंका मुक़ाबलों पर निर्भर रहेगी.
पाकिस्तान को सेमीफ़ाइनल की रेस में बने रहने के लिए बांग्लादेश को हर हाल में हराना ही होगा. तभी उसके 11 अंक होंगे. वहीं भारत को श्रीलंका के ख़िलाफ़ मैच जीत कर सेमीफ़ाइनल में अपनी जगह पक्की करनी होगी.
यदि भारत श्रीलंका से और न्यूज़ीलैंड इंग्लैंड से मैच हार जाता है तो फिर सेमीफ़ाइनल की चौथी टीम का चयन नेट रन रेट के आधार पर इन दोनों टीमों और पाकिस्तान-बांग्लादेश मुक़ाबला जीतने वाले के बीच होगा.
पाकिस्तान के क्रिकेटरों का भारत पर आरोप
आईसीसी क्रिकेट वर्ल्ड कप 2019 में इंग्लैंड के हाथों 31 रनों में मिली हार के बाद और उससे पहले भी भारतीय टीम के ख़िलाफ़ पाकिस्तान के कई क्रिकेटरों ने मोर्चा खोल दिया था.
इंग्लैंड के ख़िलाफ़ मुक़ाबले से पहले यह समीकरण था कि यदि भारत वह मैच जीत जाता है तो पाकिस्तान के लिए सेमीफ़ाइनल की राह आसान हो जाएगी. इसी पर कई क्रिकेटरों ने यह कहा था कि पाकिस्तान को वर्ल्ड कप से बाहर करने के लिए भारत अपने मुक़ाबले हार सकता है.
इंग्लैंड के हाथों हार के बाद पूर्व क्रिकेटर वकार यूनुस ने भारतीय क्रिकेट टीम की खेल भावना पर सवाल उठाया तो पाकिस्तान के वरिष्ठ पत्रकार हामिद मीर ने भी भारत की उस हार पर सवाल उठाए.
वकार यूनुस का दर्द उनके ट्वीट में छलका. उन्होंने ट्विटर पर लिखा, “आप कौन हैं, यह मायने नहीं रखता… आप कौन हैं, यह इससे पता चलता है कि आप अपनी जिंदगी में क्या करते हैं… पाकिस्तान सेमीफ़ाइनल में पहुंचता है या नहीं इससे मैं चिंतित नहीं हूं, लेकिन एक बात तो निश्चित है… कुछ चैंपियंस की खेल भावना को परखा गया और वे उसमें बहुत बुरी तरह से विफल रहे.”
पाकिस्तान के लिए 50 वनडे खेल चुके पूर्व क्रिकेटर बासित अली तो लगातार यह कह रहे हैं कि भारत इस वर्ल्ड कप में किसी भी क़ीमत पर पाकिस्तान को सेमीफ़ाइनल में नहीं पहुंचने देना चाहेगा.
बासित अली यह कह रहे हैं कि भारत जानबूझ कर बांग्लादेश और श्रीलंका के ख़िलाफ़ मैच हार जाएगा. बासित अली ने यह बयान पाकिस्तान के न्यूज़ीलैंड के ख़िलाफ़ मैच से पहले एक टीवी चैनल पर दिया जिसे पाकिस्तान के पत्रकार साज सादिक़ ने पोस्ट किया.
तब श्रीलंका और बांग्लादेश भी अंक तालिका में पाकिस्तान से ऊपर चल रहे थे. उस मैच को सरफ़राज़ अहमद की टीम ने छह विकेट से जीता.
बासित ने कहा कि भारत ऐसे मैच खेलेगा कि पता ही नहीं चलने देगा कि वो जानबूझ कर हार रहा है.
इसके दो दिन बाद पूर्व क्रिकेटर सिकंदर बख्त ने भी टीवी चैनल पर कहा, “इंडिया पाकिस्तान के साथ हमेशा दुश्मनी करता है. यदि उसे यह नज़र आया कि ये जीत सकते हैं तो हमें हटाने के लिए वो अपनी विपक्षी टीम को जीताने की हरकत करेंगे. इस किस्म की चीज़ें वो करते हैं. मेरा यह अंदाजा है कि यदि इंडिया उस स्टेज पर पहुंच गया कि वो सेमीफ़ाइनल में पहुंच रहा है तो वो देखेगा कि किसी टीम को जीता कर पाकिस्तान को बाहर निकाल सकते हैं तो मैं समझता हूं कि ये शरारत वो कर सकते हैं.”
रिकॉर्ड क्या कहते हैं?
भारतीय टीम कभी भी बांग्लादेश से नहीं हारना चाहेगी. हालांकि बीते कुछ वर्षों के दौरान दोनों देशों के बीच प्रतिद्वंद्विता देखने को मिली हैं लेकिन रिकॉर्ड भी इस बात के गवाह हैं कि दोनों देशों के बीच मुक़ाबले कमोबेश एकतरफ़ा (भारत के पक्ष में) ही रहे हैं.
दोनों देश अब तक 35 एकदिवसीय मुक़ाबलों में भिड़ चुके हैं. इनमें से केवल पाँच मौकों पर बांग्लादेश को जीत मिली है. इनमें से एक मौक़ा ज़रूर 2007 के वर्ल्ड कप में बांग्लादेश को मिला लेकिन उसके बाद से 2011 और 2015 के वर्ल्ड कप में भारत ने उसे बड़े अंतर से हराया और साथ ही जून 2015 के बाद से भारत अब तक उससे एक भी मैच नहीं हारा है.
इन आँकड़ों के बीच यह भी बेहद अहम है कि भारत के ख़िलाफ़ बड़े मुक़ाबलों में बांग्लादेश हारता ही रहा है हालांकि बीते कुछ वर्षों से उसने कड़ी टक्कर देने की कोशिशें ज़रूर की हैं.
-BBC

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