Sunny Deol को निर्धारित सीमा से अधिक चुनाव खर्च पर नोटिस

गुरदासपुर। नवनिर्वाचित सांसद Sunny Deol पर लोकसभा चुनाव में निर्धारित सीमा से अधिक खर्च का मामला जिला स्तरीय चुनाव निगरान कमेटी की जांच में सामने आया है कि उन्होंने साढ़े आठ लाख रुपये अधिक खर्च किए हैं। कमेटी ने अपनी जांच रिपोर्ट राज्य चुनाव आयोग को भेज दी है। इसके साथ ही Sunny Deol की लोकसभा की सदस्‍यता खारिज करने की मांग करते हुए चुनाव में उनके प्रतिद्वंद्वी रहे सुुनील जाखड़ ने कहा है कि सनी देयोल की संसद सदस्‍यता रद की जाए।

जांच कमेटी ने खर्च की रिपोर्ट चुनाव आयोग को भेजी

लोकसभा चुनाव में एक प्रत्याशी के लिए 70 लाख रुपये खर्च की सीमा चुनाव आयोग ने निर्धारित की है। सनी ने अपने चुनाव प्रचार में इससे आठ लाख 51 हजार रुपये अधिक खर्च किए हैं। प्राथमिक रिपोर्ट में सामने आया था कि उन्होंने निर्धारित सीमा से 18 लाख रुपये अधिक खर्च किए हैं। जिला चुनाव अधिकारी की ओर से सनी को नोटिस भेजकर पक्ष रखने के लिए कहा गया था। जवाब में उनके वकील ने कई खर्चों पर सवाल उठाए थे। बाद में जिला स्तरीय जांच कमेटी ने बारीकी से दोबारा चुनाव खर्च का मिलान किया है।

दोबारा जांच के बाद नौ लाख 76 हजार किए खारिज़़

बताया जा रहा है कि खर्चों के मिलान के लिए कमेटी ने सनी के साथ बैठक भी की थी। इस बैठक में दो ऑब्जर्वरों के अलावा जिला चुनाव अधिकारी और दो नोडल अफसर भी शामिल थे। कमेटी ने जांच के बाद खर्च में शामिल नौ लाख 76 हजार रुपये खारिज कर दिए।

रिपोर्ट को चुनाव आयोग के पास देंगे चुनौती : संजय

सनी देयोल के वकील संजय अग्रवाल का कहना है कि जांच कमेटी अतिरिक्त खर्च किए गए साढ़े आठ लाख रुपये का प्रमाण नहीं दे पाई है। इस रिपोर्ट को राज्य चुनाव आयोग के पास चुनौती दी जाएगी।

विरोधियों ने की सनी की सदस्यता रद करने की मांग

जिला स्तरीय कमेटी की जांच में साढ़े आठ लाख रुपये चुनाव में अधिक खर्च करने की बात सामने आते ही विरोधियों ने फिर से सनी की सदस्यता रद करने की मांग की है। गुरदासपुर से लोकसभा चुनाव में दूसरे नंबर पर रहे कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष सुनील जाखड़ का कहना है कि चुनाव आयोग को सनी की सदस्यता रद कर आयोग के नियमों की पवित्रता कायम रहनी चाहिए।

कैबिनेट मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा का कहना है कि चुनाव आयोग के नियमों का उल्लंघन करना बड़ा अपराध है। वर्ष 2007 में इसी तरह के एक केस में उत्तर प्रदेश की विधायक उमलेश यादव को तीन साल के लिए अयोग्य करार दिया गया था। चुनाव आयोग को सनी की सदस्यता भी रद करनी चाहिए।

-एजेंसी

50% LikesVS
50% Dislikes

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *