श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट में राम मंदिर चढ़ावा चोरी प्रकरण और कथित वित्तीय-प्रशासनिक अनियमितताओं को लेकर विवाद गहरा गया है। पूर्व लेखा प्रभारी महिपाल सिंह द्वारा विशेष जांच दल को 20 बिंदुओं पर ईमेल से शिकायत भेजे जाने और एसआईटी जांच पूरी होने के बाद ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय ने अपना पक्ष सार्वजनिक करने का पत्र जारी किया था। 
इसके बाद संघ और विश्व हिंदू परिषद (VHP) के शीर्ष स्तर पर खलबली मच गई, जिसके चलते अब आरएसएस ने स्वयं इस पूरे प्रकरण की कमान अपने हाथों में ले ली है।
संघ प्रमुख के प्रतिनिधि पहुंचे अयोध्या, बंद कमरे में 2 घंटे चली बैठक
आरएसएस के शीर्ष नेतृत्व के निर्देश पर संघ के सह सरकार्यवाह आलोक कुमार और डॉ. कृष्ण गोपाल प्रतिनिधि बनकर अयोध्या पहुंचे। दोनों शीर्ष नेताओं ने तीर्थ क्षेत्र भवन में चंपत राय के साथ बंद कमरे में करीब दो घंटे तक विस्तृत बातचीत की। इस दौरान चंपत राय ने अपने पक्ष से जुड़े दस्तावेज, अभिलेख और तथ्यात्मक फाइलें उनके समक्ष प्रस्तुत कीं।
बैठक के बाद दोनों पदाधिकारी इस दस्तवेजी फाइल को लेकर नागपुर लौट गए और संघ प्रमुख मोहन भागवत को रिपोर्ट सौंपी। सूत्रों के अनुसार, संघ प्रमुख ने चंपत राय से दूरभाष पर बातचीत कर उन्हें नागपुर आने का आग्रह किया है।
पूर्व लेखा प्रभारी महिपाल सिंह ने SIT को भेजी 20 बिंदुओं की शिकायत
दूसरी ओर, श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के पूर्व लेखा प्रभारी महिपाल सिंह ने पूर्व महासचिव चंपत राय पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने दान चोरी प्रकरण की जांच कर रही विशेष जांच दल (SIT) को ई-मेल के माध्यम से एक विस्तृत शिकायत भेजी है। इस ई-मेल में 20 प्रमुख बिंदुओं पर कथित वित्तीय और प्रशासनिक अनियमितताओं का उल्लेख किया गया है, जिसने मामले को और अधिक गंभीर बना दिया है।
साधु-संतों से चंपत राय का संपर्क जारी, निर्मोही अखाड़ा पहुंचे
विवादों के बीच चंपत राय का रामनगरी के साधु-संतों से संपर्क का कार्यक्रम लगातार जारी है। इसी क्रम में वे राम मंदिर के ट्रस्टी और निर्मोही अखाड़ा के महंत दिनेंद्र दास से मिलने उनके आश्रम पहुंचे और करीब एक घंटे तक बंद कमरे में चर्चा की। गौरतलब है कि 6 जुलाई को हुई ट्रस्ट की बैठक में महंत दिनेंद्र दास ने चंपत राय का पक्ष लेते हुए उनका इस्तीफा स्वीकार न करने की अपील की थी। चंपत राय रामनगरी के अन्य कई प्रमुख साधु-संतों से भी लगातार भेंट कर रहे हैं। 
-Legend News

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