PM मोदी की अवधेशानंद गिरि से अपील, कोरानाकाल में कुंभ को प्रतीकात्‍मक रहने दें

नई दिल्‍ली। कोरोना के बढ़ते कहर और कुंभ में लगातार कोरोना संक्रमितों की बढ़ती संख्या के बीच पीएम मोदी ने आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि जी से फोन पर बातचीत कर संतों का हालचाल जाना। पीएम ने खुद ट्वीट कर इस बात की जानकारी दी। पीएम मोदी ने कहा, आचार्य महामंडलेश्वर पूज्य स्वामी अवधेशानंद गिरि जी से आज फोन पर बात की। सभी संतों के स्वास्थ्य का हाल जाना। सभी संतगण प्रशासन को हर प्रकार का सहयोग कर रहे हैं। मैंने इसके लिए संत जगत का आभार व्यक्त किया।
पीएम ने अब कुंभ को प्रतीकात्मक रखने को कहा
इससे पहले पीएम ने ट्वीट कर कहा था कि मैंने प्रार्थना की है कि दो शाही स्नान हो चुके हैं और अब कुंभ को कोरोना के संकट के चलते प्रतीकात्मक ही रखा जाए। इससे इस संकट से लड़ाई को एक ताकत मिलेगी। पीएम की तरफ से बातचीत के बाद आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि जी ने ट्वीट कर कुंभ मेले में आने वाले लोगों से कोरोना नियमों का पालन करने का आग्रह किया।
भारी संख्या में स्नान के लिए नहीं आने की अपील
उन्होंने अपने ट्वीट में लिखा माननीय प्रधानमंत्री जी के आह्वान का हम सम्मान करते हैं! जीवन की रक्षा महत पुण्य है। मेरा धर्म परायण जनता से आग्रह है कि कोविड की परिस्थितियों को देखते हुए भारी संख्या में स्नान के लिए न आएँ एवं नियमों का निर्वहन करें !
दो अखाड़े कर चुके हैं कुंभ मेला समाप्ति का ऐलान
कुल 13 अखाड़ों में से निरंजनी अखाड़ा और आनंद अखाड़ा कुंभ मेला समाप्ति का ऐलान कर चुके हैं। दोनों ने 17 अप्रैल को कुंभ मेला खत्म होने का ऐलान किया है।
दूसरी तरफ खबर है कि बीजेपी नेता बाकि अखाड़ों के प्रतिनिधियों से बात कर उन्हें समझाने की कोशिश कर रहे हैं कि वह खुद ही शाही स्नान स्थगित कर कुंभ समाप्ति की घोषणा कर दें या फिर स्नान के लिए जब उनके अखाड़े आएं भी तो साधु कुछ ही संख्या में आएं।
कई साधु संत आ चुके हैं चपेट में
हरिद्वार के अलग-अलग अखाडों के कई साधु-संत भी कोरोना की चपेट में आ चुके हैं जिनमें अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष और निरंजनी अखाडे के महंत नरेंद्र गिरि भी शामिल हैं। मध्य प्रदेश से आए निर्वाणी अखाड़े के महामंडलेश्वर कपिल देव की कोरोना की वजह से 13 अप्रैल को मौत हो चुकी है। 5 अप्रैल से लेकर 14 अप्रैल तक कुंभ मेला क्षेत्र में 68 साधु-संत कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं।
-एजेंसियां

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *