अब फजीहत से जुड़े सवालों को टालने की कोशिश में लगा पाकिस्‍तान

इस्लामाबाद। हाल ही में संयुक्त राष्ट्र महासभा में पाकिस्तान की टॉप डिप्लोमैट द्वारा गलत फोटो इस्तेमाल कर करके भारत को घेरने की कोशिश में नाकाम रहा इस्लामाबाद अब इस फजीहत से जुड़े सवालों से बचने की कोशिश में लग गया है। अब पाकिस्तान का कहना है कि भले ही उसने गलत तस्वीर का इस्तेमाल किया लेकिन इससे भारतीय सुरक्षाबलों के कश्मीर में पैलट गन के इस्तेमाल का सच नहीं छिप सकता।
संयुक्त राष्ट्र में पाकिस्तान की स्थायी प्रतिनिधि मलीहा लोधी ने बीते शनिवार पैलट गन से घायल एक लड़की की तस्वीर दिखाकर उसे कश्मीरी बताया लेकिन असल में यह लड़की गाज़ा की थी। जब इस गलती को लेकर पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता नफीस जकारिया से ब्रीफिंग के दौरान उनकी प्रतिक्रिया मांगी गई तो उन्होंने कोई जवाब न देकर उलटे भारतीय सुरक्षाबलों पर कश्मीरियों को अंधा करने का आरोप लगाया।
जकारिया ने कहा, ‘भारत इससे इंकार नहीं कर सकता कि उसने 80 कश्मीरियों को जानबूझकर पूरी तरह अंधा कर दिया है और तकरीबन 200 मासूम कश्मीरी भी आंशिक अंधेपन का शिकार हो चुके हैं। भारत इससे इंकार नहीं कर सकता कि उसने हज़ारों कश्मीरियों को पैलट गन से घायल किया है। यह एक अविवादित तथ्य है।’
जकारिया ने भारत को अफगानिस्तान में सबसे बड़ी बाधा बताया और यह भी कहा कि विकास की आड़ में भारत अफगानिस्तान की धरती का इस्तेमाल पाकिस्तान में विध्वंसक गतिविधियों को अंजाम देने के लिए कर रहा है। जकारिया ने कहा, ‘हमारे पास इसके सबूत हैं और हमने इसे अमेरिका, संयुक्त राष्ट्र के महासचिव और अफगान प्रशासन के साथ भी साझा किया है।’
-एजेंसी