Nirbhaya केस में राष्ट्रपति से दयायाचिका खारिज़ करने की सिफारिश

नई द‍िल्ली। Nirbhaya केस में दोषी विनय शर्मा की दया याचिका खारिज करने की सिफारिश MHA (गृह मंत्रालय) ने राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से की है। Nirbhaya रेप केस मामले में गृह मंत्रालय ने दोषी द्वारा दायर दया याचिका को राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद के पास भेज दिया है हालांकि गृह मंत्रालय ने राष्ट्रपति से इस याचिका को खारिज करने की भी गुजारिश की है।

बता दें कि याचिका कि यह फाइल दिल्ली के उपराज्यपाल अनिल बैजल से होते हुए गृह मंत्रालय पहुंची थी। मंत्रालय द्वारा अपनी सिफारिश राष्ट्रपति को भेजना प्रक्रिया का हिस्सा है। अब राष्ट्रपति दया याचिका का निपटारा करेंगे। अगर राष्ट्रपति दया याचिका खारिज कर दें उसके बाद मुजरिम को फांसी पर लटकाने का रास्ता साफ होता है। अगर अब इस याचिका को खारिज कर दिया जाता है तो फिर संबंधित कोर्ट इन चारों को फांसी पर लटकाए जाने के लिए डेट वॉरंट जारी करेगा। दया याचिका के निपटारे में गैर वाजिब देरी के आधार पर मुजरिम चाहे तो दोबारा सुप्रीम कोर्ट में अर्जी दाखिल कर सकता है।

इससे पहले दिल्ली सरकार भी विनय शर्मा की दया याचिका खारिज करने की सिफारिश गृह मंत्रालय को कर चुकी है।
इस याचिका को खारिज करते हुए कहा गया कि 2012 निर्भया मामले के जघन्य अपराधी विनय शर्मा की दया याचिका को खारिज किया जाए। मामले के दोषी 23 वर्षीय विनय शर्मा ने राष्ट्रपति से दया याचिका की मांग की है।

दिल्ली सरकार ने दिया था याचिका खारिज करने का ये आधार
दिल्ली सरकार का कहना था कि जघन्य अपराधी को बख्शा नहीं जा सकता। दोषी को सजा देने से समाज में एक संदेश जाएगा, ताकि भविष्य में इस तरह की घटना के बारे में कोई सोच भी न सके।

इस मामले में तिहाड़ के महानिदेशक संदीप गोयल ने कहा है कि निर्भया मामले के एक दोषी विनय शर्मा ने दया याचिका दी है। तिहाड़ ने इसे दिल्ली सरकार को भेजा है। दिल्ली सरकार ने इसे उपराज्यपाल को भेज दिया और फिर ये गृह मंत्रालय से होता हुआ राष्ट्रपति तक पहुंचा है।

16 दिसंबर 2019 को फांसी की अटकलें
16 दिसंबर 2012 को निर्भया गैंगरेप की वारदात के चारों दोषियों को आगामी 16 दिसंबर को ही फांसी पर लटकाने की अटकलें चल रही हैं। तिहाड़ जेल प्रशासन का कहना है कि चारों कैदियों को आगामी 16 दिसंबर को ही फांसी पर लटकाया जाएगा या नहीं। इस बारे में फिलहाल वह कुछ नहीं कह सकते। लेकिन इतना तय है कि जैसे ही इनकी दया याचिका राष्ट्रपति से खारिज की जाएगी। वैसे ही जेल प्रशासन इन्हें फांसी पर लटकाने के लिए तैयारियां शुरू कर देगा।
-Legend News

50% LikesVS
50% Dislikes

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *