यूपी पुलिस के 211 सीओ और 990 नॉन गजेटेड अफसर का हो सकता है डिमोशन

लखनऊ। इलाहाबाद हाई कोर्ट की लखनऊ बेंच ने आउट ऑफ टर्म प्रमोशन पाए पुलिसकर्मियों को बड़ा झटका दिया है। कोर्ट ने एसपी शासन के दौरान यूपी में आउट ऑफ टर्न प्रमोशन पाने वाले इंस्पेक्टरों को वरिष्ठता देने वाले दो शासनादेशों व वरिष्ठता सूची को खारिज कर दिया है। इस आदेश से प्रमोट हो चुके 211 डिप्टी एसपी व 990 नॉन गजेटेड पुलिस अफसरों का डिमोशन हो सकता है।
कोर्ट ने नियमित प्रोन्नति पाने वाले और आउट ऑफ टर्न प्रोन्नति पाने वाले इंस्पेक्टरों को दो भिन्न-भिन्न और अलग-अलग वर्ग भी बताया है।
यह आदेश जस्टिस दिनेश कुमार सिंह की बेंच ने इंस्पेक्टर महंत यादव व कुछ अन्य इंस्पेक्टरों की ओर से अलग-अलग दायर याचिकाओं को स्वीकार करते हुए दिया।
नई सूची बनाने को कहा
कोर्ट ने कहा, नियमित पदों पर अपने कैडर में इंस्पेक्टर के रूप में नियुक्ति पाए याची निरीक्षक आउट ऑफ टर्न प्रमोशन पाए निरीक्षकों से वरिष्ठ थे। आउट ऑफ टर्न प्रमोशन पाए इंस्पेक्टर कैडर के नियमित पदों पर नियुक्त इंस्पेक्टरों से अपने को वरिष्ठ नहीं कह सकते हैं। ऐसे में नए सिरे से वरिष्ठता सूची का निर्धारण किया जाए। याचियों ने 23 जुलाई और 27 जुलाई के शासनादेश (990 नॉन गजटेड पुलिस अफसरों को वन टाइम वरिष्ठता देने) के अलावा 24 फरवरी 2016 को बनाई गई वरिष्ठता सूची को खारिज करने की मांग की थी।
याचियों ने कहा था कि उनकी नियुक्ति सब इंस्पेक्टरों के मूल पदों पर हुई थी और बाद में उनको इंस्पेक्टर के पदों पर प्रोन्नति मिली। यह भी कहा गया कि राज्य सरकार ने कुछ सब इंस्पेक्टरों को 1994 में आउट ऑफ टर्न प्रमोशन दिया था। सरकार ने आगे प्रोन्नति के लिए 24 फरवरी 2016 को जो वरिष्ठता सूची बनाई उसमें आउट ऑफ टर्न प्रमोशन पाने वाले इंस्पेक्टरों को सूची में उनसे वरिष्ठ करार दे दिया, जो नियमों के खिलाफ है। इसलिए याचियों ने वरिष्ठता सूची व ऐसे इंस्पेक्टरों को वरिष्ठ करार देने संबंधी शासनादेशों को रद करने की मांग की थी।
कोर्ट ने कहा 1994 में कुछ सब इंस्पेक्टरों को इंस्पेक्टर के पदों पर आउट ऑफ टर्न प्रमोशन एक्स कैडर पोस्ट पर दिया गया था, न कि मूल कैडर के रूप में उनकी नियुक्ति इंस्पेक्टर के पद पर हुई थी। इसलिए वे मूल पदों पर नियुक्ति पाए इंस्पेक्टरों से वरिष्ठ नहीं हो सकते हैं।
-एजेंसी

50% LikesVS
50% Dislikes

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *