कोरोना संकट पर ओछी राजनीति कर रही हैं ममता: राज्‍यपाल

नई दिल्‍ली। पश्‍चिम बंगाल के राज्यपाल जगदीप धनखड़ ने गुरुवार को एक बार फिर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए कोरोना संकट पर ओछी राजनीति करने का आरोप लगाया है।
राज्यपाल ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी द्वारा मीडिया को धमकाने और विपक्षी (भाजपा नेताओं) की तुलना गिद्ध से करने की कड़ी निंदा करते हुए करारा जवाब दिया।
उन्होंने चेतावनी दी कि मुख्यमंत्री मीडिया को डराना- धमकाना बंद करें।
दरअसल, एक दिन पहले बुधवार को मुख्यमंत्री ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान मीडिया कर्मियों को आपदा प्रबंधन कानून के तहत कार्यवाही करने की चेतावनी देने के साथ भाजपा नेताओं की तुलना गिद्धों से की थी।
ममता ने आरोप लगाया था कि झूठी खबरें चलाकर राज्य सरकार को बदनाम करने की कोशिश की जा रही है। इसको लेकर राज्यपाल ने गुरुवार को तीन ट्वीट किया। राज्यपाल ने लिखा, ‘आज कोरोना संकट के समय में भी ममता बनर्जी ओछी राजनीति कर रही हैं। आज जरूरत है कि सभी दलों को एकजुट होकर कोविड-19 का मुकाबला करने के लिए तालमेल बैठाएं।
ममता के कथन ‘विपक्ष उस तरह का बर्ताव कर रहा है जैसे गिद्धों को मौत का इंतजार रहता है’ से दुख पहुंचा है। हम पर छत गिरने जैसी स्थिति है। आज जब पूरा देश इस गंभीर संकट का मुकाबला कर रहा है तब मुख्यमंत्री को ओछी राजनीति से दूर रहना चाहिए।’
अपने दूसरे ट्वीट में राज्यपाल ने ममता द्वारा मीडिया पर निशाना साधने पर सवाल खड़े करते हुए कहा कि वह विभिन्न माध्यमों से मीडिया को नियंत्रित करने और डराने-धमकाने की कोशिश कर रही हैं।
राज्यपाल ने कहा, ‘मीडिया को भय में क्यों रखा जाएगा? आखिर एक सरकार के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं होना चाहिए। मीडिया लोकतंत्र का रीढ़ होता है।
स्वतंत्र मीडिया आवश्यक तत्व है और इस तरह मीडिया कर्मियों को दबाव में रखना ठीक नहीं है। जेम्स मैडिसन ने कहा था कि एक लोकप्रिय सरकार बिना किसी लोकप्रिय जानकारी या जानकारी प्राप्त करने के संसाधन के बिना एक त्रासदी होती है।
मिस्त्र, लीबिया व ट्यूनीशिया में लंबे समय तक शासन करने वाले तानाशाह को 2011 में सत्ता से बाहर करने में मीडिया की भूमिका बड़ी रही है। क्या यही खबर है कि आप कुछ छिपाना चाहती हैं?‌’
उल्लेखनीय है कि राज्यपाल व ममता सरकार के बीच लगातार टकराव जारी है। राज्यपाल कोरोना संकट से निपटने में विफलता के लिए लगातार सवाल उठा रहे हैं।
-एजेंसियां

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