Lashkar आतंकी अब्दुल करीम टुंडा को उम्रकैद, 1 लाख रुपए का जुर्माना

सोनीपत। Lashkar के आंतकवादी अब्दुल करीम उर्फ टुंडा को 1996 में सोनीपत में हुए सिलसिलेवार दो बम धमाकों के मामले में आज जिला एवं सत्र न्यायालय ने उम्रकैद और एक लाख रूपये जुर्माने की सजा सुनाई ।
पुलिस में दर्ज केस के अनुसार सोनीपत शहर में 28 दिसंबर, 1996 को दो स्थानों पर बम विस्फाेट हुए थे।
पहला धमाका शाम 5 बजकर 15 मिनट पर शहर के बस स्टैंड के पास स्थित बावा सिनेमा हॉल में हुआ था।

हरियाणा की एक अदालत ने मंगलवार को 1996 के सोनीपत बम ब्लास्ट मामले में लश्कर के आतंकी अब्दुल करीम टुंडा को उम्रकैद की सजा सुना दी है। करीब 21 साल पुराने बम ब्लास्ट के मामले में फैसला सुनाते हुए कोर्ट ने टुंडा पर 1 लाख रुपए का जुर्माना भी लगाया है। सोमवार को कोर्ट ने सोनीपत में 21 साल पहले हुए बम धमाकों के लिए टुंडा को दोषी करार दे दिया था।

सोनीपत कोर्ट ने टुंडा को आईपीसी की धारा 370 (हत्या का प्रयास) और 120 B (साजिश) के तहत दोषी पाते हुए सजा का ऐलान किया है। इसके साथ ही टुंडा को एक्सप्लोसिव एक्ट के सेक्शन 3 के तहत भी दोषी पाया गया है। वहीं अब्दुल करीम टुंडा के वकील आशीष वत्स का कहना है कि वह कोर्ट के फैसले को हाई कोर्ट में चुनौती देंगे।

75 साल का टुंडा उन 20 आतंकियों में से एक है जिनके नाम भारत ने पाकिस्तान को 26/11 मुंबई बम ब्लास्ट के बाद सौंपे थे। भारत ने पाकिस्तान से मांग की थी कि वह इन आतंकियों को भारत के हवाले कर दे। हालांकि बाद में Lashkar आतंकी टुंडा को दिल्ली पुलिस ने 16 अगस्त 2013 के दिन भारत-नेपाल की बॉर्डर पर स्थित बनबसा के पास से गिरफ्तार कर लिया था।
-एजेंसी