पुण्‍यतिथि: ज्ञानपीठ पुरस्कार प्राप्‍त साहित्यकार उमाशंकर जोशी

ज्ञानपीठ पुरस्कार से सम्मानित गुजराती भाषा के प्रसिद्ध साहित्यकार उमा शंकर जोशी की आज पुण्‍यतिथि है। इनका उपनाम वासुकी है।
21 जुलाई 1911 को गुजरात के साबरकांठा जिले में जन्‍मे उमाशंकर जोशी की मृत्‍यु 19 दिसंबर 1988 के दिन मुंबई में हुई।
उमाशंकर जोशी की औपचारिक शिक्षा कई खंडों में पूरी हुई। 1930 में असहयोग आंदोलन में भाग लेने के लिए विद्यालय छोड़ दिया था। बाद में 1936 में मुंबई विश्वविद्यालय से एमए किया।
कृतियाँ
उमाशंकर जोशी की प्रमुख कृतियाँ हैं- विश्वशांति (6 खंडों में) गंगोत्री, निशीथ, गुलेपोलांड, प्राचीना, आतिथ्य और वसंत वर्ष, महाप्रस्थान (काव्य ग्रंथ), अभिज्ञा (एकांकी); सापनाभरा, शहीद (कहानी); श्रावनी मेणो, विसामो (उपन्यास); पारंकाजण्या (निबंध); गोष्ठी, उघाड़ीबारी, क्लांतकवि, म्हारासॉनेट, स्वप्नप्रयाण (संपादन)।
‘विश्वशांति’ में अहिंसा और शांति के लिए किए गए गांधीजी के प्रयत्नों की महिमा का वर्णन है। इसे गुजराती काव्य में नए युग का प्रवर्तक माना जाता है।
पुरस्कार
ज्ञानपीठ पुरस्कार (1987)
साहित्य अकादमी पुरस्कार (1973)
-एजेंसियां

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *