NCIC Agra एग्रीकल्चर प्रकोष्ठ की बैठक में समस्याओं पर व‍िचार

आगरा। NCIC Agra भवन में आज एग्रीकल्चर प्रकोष्ठ की बैठक चेयरमैन मुकेश अग्रवाल की अध्यक्षता में हुई।NCIC Agra अध्यक्ष श्रीकिशन गोयल ने बताया कि काफी समय से खाद एवं कीटनाशक विक्रेताओं की समस्याऐं आ रहीं थींं इसलिए आज यह बैठक बुलायी गई है।

प्रकोष्ठ चेयरमैन मुकेश अग्रवाल ने जिन  समस्याओं को प्रमुखता से उठाया, उनमें  ये हैंं-

खाद में ई-वे बिल की अनिवार्यता को खत्म किया जाये- सभी विक्रेताओं की राय थी कि, चूँकि उर्वरकों का वितरण मशीनों द्वारा किया जाता है और इसका डिजिटल डाटा मास्टर कम्प्यूटर नो एफ0एम0एस0 कन्ट्रोल कर रहा है। चूँकि सारे किसानों की उर्वरकों की खरीद का रिकार्ड रहता है। अतः ई-वे बिल की अनिवार्यता समाप्त कर देनी चाहिए।

उर्वरक का लाईसेंस– पेस्टी साइड की तर्ज पर वन टाइम होनी चाहिऐ, अभी नियमों के अनुसार खाद के लाइसेंस का हर साल नवीनीकरण कराना पड़ता है और लम्बी प्रक्रिया से गुजरना पड़ता है। कीटनाशक   दवाओं का लाइसेंस अब एक ही बार बनाया जाता है अतः सदस्यों की मांग थी कि पेस्टीसाइड की तरह उर्वरक का लाइसेंस भी वन टाईम के लिए बनाया जाऐ।

ज्यादातर सदस्यों में रोष था कि सेंपलिंग के नाम पर खुदरा विक्रताओं का उत्पीड़न किया जा रहा है जिस पर रोक लगनी चाहिए।

सरप्लस स्टोक को एक जिले से दूसरे जिले में भेजने की अनुमति मिलनी चाहिए।

सदस्यों ने इस बात पर भारी रोष व्यक्त किया गया कि समाचार पत्रों में विज्ञप्ति के अनुसार सरकार द्वारा डी0ए0पी0 खाद के दामों में 100/- प्रति कट्टे की कमी की है यह खबर भ्रमित करने वाली है जबकि निजी क्षेत्रों में यह सरकारी रेट से काफी कम में पहले से ही मिल रही है।

खाद की दुकानों से खाद का वितरण सरकार द्वारा दी गई मषीनों द्वारा होता है। गाँव में नेट की अक्सर समस्या रहती है इसमें निदान के लिए सुझाव है कि मोबाइल एप द्वारा स्टोक का वितरण का आॅप्सन किया जाए।

कोर्डीनेटर मनीष अग्रवाल ने बताया कि शीघ्र ही चैम्बर का एक प्रतिनिधि मण्डल केन्द्रीय एवं प्रदेशीय कृषि मंत्री से मिल कर समस्याओं को रखेगा।

बैठक में अध्यक्ष श्रीकिशन गोयल, प्रकोष्ठ चेयरमैन मुकेश अग्रवाल, कोर्डिनेटर मनीष अग्रवाल, महेश वाष्र्णेय, सुरेन्द्र गुप्ता, सुधीर चोला, राजेन्द्र अग्रवाल, विनोद अग्रवाल, अमित गुप्ता, महेश गुप्ता, योगेन्द्र सिंघल, किशोर अग्रवाल, राजीव गुप्ता आदि प्रमुख रूप से उपस्थित थे।

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