CM योगी के Private secretary को हटाया गया, गोपनीय सूचना लीक होने का मामला

Private secretary पर पहले से था शक,

मुलायम सिंह यादव व सीएम योगी से मुलाकात के दौरान दिया पत्र कुछ देर बाद ही सोशल मीडिया पर वायरल हो गया था

नई दिल्ली/लखनऊ। गोपनीय सूचना लीक होने के शक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के Private secretary पीतांबर सिंह यादव को हटा दिया गया है।

सीएम कार्यालय के सूत्रों के मुताबिक ये सीएम आफिस की एक्‍टिविटी निर्णयों को अमल में आने के पहले ही एक बड़े कद्दावर को लीक कर दिया करते थे, फिर वो कद्दावर इन सूचनाओं को ट्वीट कर देता था। ट्वीट के बाद कार्यवाही कर सरकार से जनता में मैसेज जाता था कि ”उनके”(कद्दावर) के ट्वीट पर सरकार हरकत में आई। पीतांबर यादव अखिलेश मुक्ष्‍यमंत्रित्‍व काल में सीएम कार्यालय में बतौर Private secretary मुख्‍यमंत्री तैनात थे

प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री एसपी गोयल के कार्यालय में संबद्ध शिशुपाल और विशेष सचिव मुख्यमंत्री अमित सिंह के कार्यालय में समीक्षा अधिकारी एमएम त्रिपाठी को भी हटाया गया है।

प्राप्‍त जानकारी के मुताबिक, बुधवार (16 मई) को पूर्व सीएम मुलायम सिंह यादव ने सीएम योगी से मुलाकात के दौरान दिया पत्र कुछ देर बाद ही सोशल मीडिया पर वायरल हो गया था, जिसके बाद ये कार्रवाई की गई।

क्यों हुई कार्रवाई
पूर्व सीएम मुलायम सिंह यादव ने सीएम योगी से मुलाकात के दौरान पत्र दिया था। इसमें पूर्व मुख्यमंत्री के तौर पर उन्हें और पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव को आवंटित आवास विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष राम गोविंद चौधरी और विधान परिषद में नेता विरोधी दल अहमद हसन को आवंटित करने की गुजारिश की थी। चर्चा है कि पत्र की हूबहू भाषा मुलाकात के कुछ ही देर बाद सोशल मीडिया पर वायरल हो गई थी, जिसके बाद ये कार्रवाई की गई।

मुलायम सिंह ने CM योगी की थी मुलाकात
गौरतलब है कि गत बुधवार (16 मई) को दोनों नेताओं के बीच करीब आधे घंटे की मुलाकात हुई थी। दोनों नेताओं के बीच आवास को लेकर बातचीत हुई है। हाल ही में आपको बता दें कि 7 मई को सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया था कि पूर्व मुख्यमंत्रियों को सरकारी आवास खाली करना होगा।

सूत्रों के हवाले से खबर है कि मुलायम सिंह ने अपना और बेटे अखिलेश के आवास को खाली नहीं करवाने की बात कही थी और इसके लिए उन्होंने सीएम योगी को एक फॉर्मूला दिया था।
– Legend News/Agency

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