बैक्टीरिया से लड़ने में मदद करेगी आयुर्वेदिक Antibiotic

अब आयुर्वेद में भी ऐसी Antibiotic दवाएं विकसित की गई हैं, जो बैक्टीरिया-वायरस के अंदर बढ़ती प्रतिरोधक क्षमता से लड़ने में मदद करेगी। हालांकि आयुर्वेद का जिक्र आता है तो ज्यादातर लोगों को लगता है कि इसमें सिर्फ जड़ी-बूटी से इलाज किया जाता है और काफी वक्त लगता है।
दरअसल, Antibiotic दवाओं के हद से ज्यादा इस्तेमाल के कारण उनके खिलाफ बैक्टीरिया और वायरस में प्रतिरोधक क्षमता पैदा हो रही है। ऐसे में आयुर्वेदिक Antibiotic दवाएं इनका विकल्प साबित हो सकती हैं। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स ) भोपाल के अध्ययन में एक आयुर्वेदिक Antibiotic दवा फीफाट्रोल को एक प्रमुख बैक्टीरिया संक्रमण के खिलाफ प्रभावी पाया गया है।
फीफाट्रोल में बैक्टीरिया के खिलाफ लड़ने की पूरी क्षमता है
शोधकर्ता टीम के प्रमुख और एम्स भोपाल के निदेशक डॉ. समरन सिंह के अनुसार आमतौर पर आयुर्वेदिक दवाएं प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाती हैं लेकिन फीफाट्रोल में बैक्टीरिया के खिलाफ लड़ने की क्षमता देखी गई है। आरंभिक नतीजे उत्साहजनक हैं। एम्स भोपाल ने अपने शोध में पाया कि फीफाट्रोल स्टैफिलोकोकस प्रजाति के बैक्टीरिया के खिलाफ बेहद शक्तिशाली है। इस प्रजाति के कई बैक्टीरिया सक्रिय हैं जिनमें आरियस, एपिडर्मिस, स्पोफिटिकस उप प्रकार शामिल हैं। इन तीनों बैक्टिरिया के खिलाफ यह प्रभावी रूप से कारगर पाया गया है।
कई तरह के बैक्टीरिया के खिलाफ कारगर है आयुर्वेदिक Antibiotic
एक अन्य बैक्टीरिया पी रुजिनोसा के विरुद्ध भी यह असरदार है। इसके अलावा इकोलाई, निमोनिया, के एरोजेन आदि बैक्टीरिया के प्रति भी इसमें संवेदनशील प्रतिक्रिया देखी गई। स्टैफिलोकोकस बैक्टीरिया स्किन, सांस संबंधी और पेट संबंधी इंफेक्शन के लिए जिम्मेदार है। जिन लोगों का रोग प्रतिरोधक तंत्र यानी इम्यूनिटी कमजोर होती है उनमें इसका संक्रमण घातक भी हो सकता है।
13 जड़ी बूटियों को मिलाकर तैयार की गई है फीफाट्रोल
फीफाट्रोल 13 जड़ी बूटियों से तैयार एक ऐंटी माइक्रोबियल सलूशन है जिसमें पांच बूटियों की प्रमुख हिस्सेदारी और 8 के अंश मिलाए गए हैं। एमिल फार्मास्यूटिकल्स द्वारा निर्मित फीफाट्रोल में सुदर्शन वटी, संजीवनी वटी, गोदांती भस्म, त्रिभुवन कीर्ति रस तथा मृत्युंजय रस हैं जबकि आठ अन्य औषधीय अंशों में तुलसी, कुटकी, चिरयात्रा, मोथा, गिलोय, दारुहल्दी, करंज तथा अप्पामार्ग शामिल हैं। आयुर्वेद विशेषज्ञ डॉ. रामनिवास पराशर के अनुसार यह शोध साबित करता है कि आयुर्वेद में Antibiotic दवाओं का विकल्प मौजूद है जो पूरी तरह से जड़ी-बूटियों पर आधारित है।
-एजेंसियां

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