World Press Freedom Day आज: क्‍या है इसका उद्देश्य?

World Press Freedom Day प्रत्येक वर्ष 3 मई को मनाया जाता है। वर्ष 1991 में यूनेस्को और संयुक्त राष्ट्र के ‘जन सूचना विभाग’ ने मिलकर इसे मनाने का निर्णय किया था। ‘संयुक्त राष्ट्र महासभा’ ने भी ‘3 मई’ को ‘अंतर्राष्ट्रीय पत्रकारिता स्‍वतंत्रता दिवस’ की घोषणा की थी। यूनेस्को महासम्मेलन के 26वें सत्र में (1993) इससे संबंधित प्रस्ताव को स्वीकार किया गया था। इस दिन के मनाने का उद्देश्य प्रेस की स्वतंत्रता के विभिन्न प्रकार के उल्लघंनों की गंभीरता के बारे में जानकारी देना है।
इसके उद्देश्यों में प्रकाशनों की कांट-छांट, उन पर जुर्माना लगाना, प्रकाशन को निलंबित कर‍ देना और बंद कर‍ देना आदि शामिल हैं।
इसके अलावा इस दिन उन पत्रकारों को भी याद किया जाता है जिन्होंने अपनी आवाज जनहित में उठाई और जिसके परिणाम स्वरुप उन्हें या तो मार दिया गया या गिरफ्तार कर जेल में डाल दिया।
अंतर्राष्ट्रीय पत्रकारिता स्‍वतंत्रता दिवस समिति
अंतर्राष्ट्रीय पत्रकारिता स्‍वतंत्रता दिवस समिति 1976 में स्वतंत्र पत्रकारों के एक बैच द्वारा प्रेस स्वतंत्रता को बढ़ावा देने, उनका समर्थन करने और दुनिया भर के 44 मीडिया संगठनों को कवर करने के लिए स्थापित की गई थी। विश्व प्रेस स्वतंत्रता समिति इंटरनेशनल फ्रीडम ऑफ़ एक्सप्रेशन एक्सचेंज का सदस्य है जो प्रेस स्वतंत्रता, मानव अधिकार विशेषज्ञों, वैश्विक सलाहकारों और पत्रकारों के लिए कई अन्य संगठनों के साथ मिलकर कार्य करता है। यह समिति अर्जेंटीना में स्थित है।
अंतर्राष्ट्रीय पत्रकारिता स्‍वतंत्रता दिवस मानाने का उद्देश्य
अंतर्राष्ट्रीय पत्रकारिता स्‍वतंत्रता दिवस मानाने का उद्देश्य है प्रेस की आजादी के महत्व के प्रति जागरूकता फैलाना। साथ ही ये दिन अभिव्यक्ति की आजादी को बनाए रखने और उसका सम्मान करने की प्रतिबद्धता की बात करता है।
बता दें इस दिवस की मेजबानी हर साल अलग-अलग देश करते हैं। प्रेस की आजादी के महत्व के लिए दुनिया को आगाह करने वाला ये दिन बताता है कि लोकतंत्र के मूल्यों की सुरक्षा और उसे बहाल करने में मीडिया अहम भूमिका निभाता है। इस कारण सरकारों को पत्रकारों की सुरक्षा भी सुनिश्चित करनी चाहिए।
गौरतलब है की दुनिया भर में कई देशों में प्रकाशनों पर जुर्माना, निलंबन, सेंसर की रोक लगाई जाती है और संपादकों, प्रकाशकों और पत्रकारों पर हमला किया जाता है तथा उन्हें हिरासत में लिया जाता है, परेशान किया जाता है और यहां तक ​​कि हत्या भी कर दी जाती है। यह प्रेस आजादी के अनुमोदन में पहल को विकसित करने और प्रोत्साहित करने के लिए और दुनिया भर में प्रेस की आजादी की स्थिति का आंकलन करने का दिवस है।
मानव अधिकारों की सार्वभौमिक घोषणा के अनुच्छेद 19 और मानव अधिकारों की सार्वभौमिक घोषणा के अनुसार सभी को राय और अभिव्यक्ति की आजादी का अधिकार है। इस अधिकार में हस्तक्षेप के बिना राय रखने और किसी भी मीडिया के माध्यम से जानकारी और विचारों को प्राप्त करने, प्राप्त करने और प्रदान करने और सीमाओं की परवाह किए बिना स्वतंत्रता शामिल है। मीडिया किसी भी देश के विकास में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। आम लोगों को इस बारे में शिक्षित किया जाता है कि समाज में क्या हो रहा है और उन मुद्दों और घटनाओं के बारे में जो उनके जीवन को प्रभावित करते हैं। इस प्रकार पत्रकारों और मीडिया विशेषज्ञों को अपने कर्तव्यों को पूरा करने और भाषण की पूरी आजादी देने के दौरान अत्यंत सुरक्षा दी जानी चाहिए।
प्रस्‍तुति: Legend News

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *