इस बार अयोध्‍या में एक नया रिकॉर्ड बनाएगा ‘दीपोत्सव’, जलेंगे 12 लाख दीप

भगवान श्रीराम की नगरी अयोध्या में दीपोत्सव-2021 पर एक नया रिकॉर्ड बनेगा। दीपोत्सव को पहले से अधिक भव्य और वैश्विक पटल पर अविस्मरणीय बनाने की योजना तैयार की गई है। उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग की ओर से तैयारी को पूरा किया जा रहा है। सीएम योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश भर में दीपोत्सव-2021 का आयोजन होगा। इसमें आकर्षण का केंद्र एक बार फिर अयोध्या का पांच दिवसीय दीपोत्सव होने जा रहा है। इस बार दीपोत्सव के दौरान प्रभु राम की नगरी में 12 लाख दीपों को जलाया जाएगा।
दीपोत्सव-2021 के दौरान राम की पैड़ी पर 9 लाख दीपों का प्रज्ज्वलन किया जाएगा। यह एक प्रकार से विश्व रिकॉर्ड होगा। इसके अलावा अयोध्या नगरी में 3 लाख दीपों को प्रज्ज्वलित किया जाएगा। सरयू के तट रामायण की गाथा को भी अमर बनाया जाएगा। साथ ही, लेजर लाइट में भव्य रामायण का हेरिटेज लुक में शो दिखाया जाएगा। पांच दिवसीय दीपोत्सव को विश्व स्तर पर यादगार बनाये जाने का प्रयास किया जा रहा है। सरकार के स्तर पर तैयारियों को पूरा कराया जा रहा है।
हर गांव से आएंगे पांच मिट्‌टी के दीपक
दीपावली की पूर्व संध्या पर तीन नवंबर को प्रदेश के हर गांव से आने वाले पांच मिट्‌टी के दीये प्रभु श्रीराम की नगरी को रोशन करेंगे। अयोध्या में एक नवंबर से दीपोत्सव शुरू हो जाएगा। इसके लिए उत्तर प्रदेश के सभी 75 जिलों के जिलाधिकारियों को यह सुनिश्चित करने का काम सौंपा गया है कि राज्य के 90 हजार से अधिक गांवों में से प्रत्येक से पांच मिट्टी के दीपक समय पर अयोध्या पहुंचेंगे।
मुख्यमंत्री ने पहले ही की थी घोषणा
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पहले ही घोषणा की थी कि अयोध्या में इस बार के दीपोत्सव में 12 लाख मिट्‌टी के दीये जलाए जाएंगे। साथ ही, उत्तर प्रदेश के शहरी क्षेत्रों में पीएम व सीएम की आवास योजनाओं के अनुमानित नौ लाख लाभार्थी अपने घर के बाहर एक-एक दीया जलायेंगे। इस दीपोत्सव में कम से कम 9 लाख दीये जलाने का लक्ष्य पूरा करने के लिए पर्यटन विभाग कम से कम 12 लाख मिट्टी के दीये जलाने की योजना बना रहा है ताकि 2022 के विधानसभा चुनावों से पहले आखिरी दीपोत्सव के दौरान एक नया विश्व रिकॉर्ड बनाया जा सके।
51 हजार दीयों से हुई थी अयोध्या में दीपोत्सव की शुरुआत
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वर्ष 2017 में पहली बार दीपोत्सव का आयोजन किया था। दीपोत्सव की शुरुआत 51 हजार दीयों से हुई थी। वर्ष 2019 में 4,04,226 मिट्टी के दीयों, वर्ष 2020 में 6,06,569 मिट्टी के दीयों को सरयू के तट पर जलाया गया। यह गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज है। पर्यटन विभाग की ओर मिली जानकारी के अनुसार दीपोत्सव समारोह के लिए राज्य के प्रत्येक गांव में पांच मिट्टी के दीपक देने का निर्णय में लखनऊ में आयोजित एक बैठक में राज्य स्तर पर लिया गया है। इस पहल के लिए जिलाधिकारियों को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।
हर गांव बनेंगे समारोह का हिस्सा
उत्तर प्रदेश के पर्यटन मंत्री नीलकंठ तिवारी ने कहा कि 90 हजार गांवों से दीयों को मंगाया जाना एक स्वागत योग्य कदम है। प्रदेश के सभी गांव व जिले इससे अयोध्या के समारोह का हिस्सा बनेंगे। जिला पर्यटन विभाग के अधिकारी डीएम की देखरेख में इस योजना को पूरा कराएंगे। इसके लिए राज्य भर के निर्वाचित ग्राम प्रधानों और ग्रामीण कुम्हारों से संपर्क किया जाएगा। यह सुनिश्चित किया जाएगा कि प्रदेश के 90 हजार गांवों से पांच-पांच दीये यानी 4.5 लाख दीये अयोध्या पहुंच सकें। प्रयागराज जिले के लगभग 2800, प्रतापगढ़ जिले के करीब 2000, कौशांबी के करीब 800 और फतेहपुर जिले के करीब 1300 से अधिक गांवों से भी दीये अयोध्या पहुंचेंगे।
राम की पैड़ी पर होगा रामायण का ऐतिहासिक लेजर शो
अयोध्या के घाट पर हेरिटेज व रामायण का लेजर शो से इस साल अयोध्या में आयोजित दीपोत्सव समारोह के पांचवें संस्करण का मुख्य आकर्षण है। एक नवंबर से राम की पैड़ी में पांच दिवसीय समारोह को भव्य बनाने की तैयारी जोरों पर है। घाट एक राजसी स्थल में बदलेगा, जिसमें रामायण का एक लेजर शो दिखाया जाएगा। इसे पूरी तरह से हेरिटेज लुक दिया जा रहा है। साथ ही, इसे रामायण की विभिन्न विशेषताओं के साथ चित्रित किया जा रहा है। इसके लिए राज्य सरकार ने मोजाटो नामक एक कंपनी को अनुबंधित किया है।
फ्रांसीसी कलाकार दीवारों पर कर रहे रामकथा को जीवंत
दीपोत्सव समारोह के लिए सरयू घाट और राम कथा पार्क को भी नया रूप दिया जा रहा है। फ्रांसीसी कलाकार चिफुमी इन स्थानों के पास की दीवारों पर रामकथा को फिर से जीवंत कर रहे हैं। इस साल राज्य सरकार अयोध्या में दीपोत्सव का पांचवें संस्करण को भव्य बनाना चाहती है। मंत्री नीलकंठ तिवारी जी ने कहा कि यह दीपोत्सव वैश्विक पटल पर भगवान राम और अयोध्या को अमर कर देगा। इस त्योहार के मौके पर शहर को पर्यटकों के लिए सुरक्षित रखने से लेकर हर तरह की सुविधा का ध्यान रखा जा रहा है। आयोजन के लिए अयोध्या प्रशासन पूरी तरह से चौकसी बरत रहा है।
दीप जलाने का बनेगा नया वर्ल्ड रिकॉर्ड
अयोध्या में तीन नवंबर को कुल 12 लाख दीये रोशन किये जाएंगे। पर्यटन विभाग राम की पैड़ी पर 9 लाख दीये एक साथ जलाकर गिनीज वर्ल्ड बनाया जाएगा। वहीं अयोध्या नगर में 3 लाख दीये जलाए जाएंगे। इस आयोजन को जज करने के लिए गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स की एक टीम अयोध्या में होगी। विश्व रिकॉर्ड बनाने के लिए मिट्टी के एक दीया को कम से कम पांच मिनट तक जलाना होगा। इसके लिए आयोजकों ने प्रत्येक मिट्टी के दीए के लिए 40 मिलीलीटर तेल का उपयोग करने का निर्णय लिया है।
-एजेंसियां

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