Rajya Sabha ने डा. कर्ण सिंह, जनार्दन द्विवेदी और परवेज हाशमी को दी भावभीनी विदाई

नई दिल्‍ली। Rajya Sabha ने आज सेवानिवृत्‍त होने वाले अपने तीन सदस्‍यों को भावभीनी विदाई दी

राज्यसभा ने अपने तीन वरिष्ठ सदस्यों सर्वश्री डा़ कर्ण सिंह , जनार्दन द्विवेदी और परवेज हाशमी को आज भावभीनी विदायी दी।
इन तीनों सदस्यों का कार्यकाल इस महीने की 20 तारीख को पूरा हो रहा है।

सभापति एम वेंकैया नायडू ने विधायी दस्तावेज सदन के पटल पर रखे जाने के बाद इन तीनों सदस्यों का कार्यकाल समाप्त होने के बारे में सदन को जानकारी दी।

राज्‍यसभा ने आज सेवानिवृत्‍त होने वाले अपने तीन सदस्‍यों को भावभीनी विदाई दी। डॉक्‍टर कर्ण सिंह, श्री जर्नादन द्विवेदी और श्री परवेज हाशमी इस महीने की 27 तारीख को सेवानिवृत्‍त हो रहे हैं।

राष्‍ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्‍ली का प्रतिनिधित्‍व करने वाले ये तीनों सदस्‍य कांग्रेस के हैं। सभापति एम वेंकैया नायडु ने कहा कि सदन और संसदीय समि‍तियों में इन सदस्‍यों का योगदान महत्‍वपूर्ण रहा जिससे संसदीय लोकतंत्र को मजबूत करने में मदद मिली।

सदस्‍यों की प्रशंसाओं का जवाब देते हुए डॉक्‍टर कर्ण सिंह ने कहा कि सदन में विचारविमर्श और बहस के स्‍तर में गिरावट आई है और कार्यवाही में व्‍यावधान भी बहुत बढ़ गए हैं।

इतने वर्षों में संसद का विकास होते देखना शानदार रहा और यह भी कि किस तरह से हमारा संविधान हमारे आर्थिक, सामाजिक और राजनीतिक बाध्यताओं को अंगीकार करने के लिए लचीला रूख अपनाता है। मेरे विचार से, इन 50 सालों में हमें थोड़ा ध्यान देने की जरूरत है कि हम ऐसा क्या करें, जिससे यह सुनिश्चित हो कि विचारों और आदर्शों में मतभेद के बावजूद संसदीय प्रणाली सुचारू रूप से चलती रहे।

नेहरू के ‘नये भारत’ के विजन पर काम किया है सभी प्रधानमंत्रियों ने: कर्ण सिंह

डा़ कर्ण सिंह ने आज Rajya Sabha में अपने विदायी भाषण में कहा कि वह पचास साल पहले 36 वर्ष की उम्र में पहली बार एक आदर्श युवा के रूप में संसद में आये थे और आज एक आदर्श बुजुर्ग के रूप में संसद से विदा ले रहे हैं।
उन्होंने कहा कि इस दौरान उन्होंने आजाद भारत के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहर लाल नेहरू से लेकर मौजूदा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी सहित सभी प्रधानमंत्रियों के काम को नजदीकी से देखा और यह अनुभव किया कि काम करने की शैली और विचारों में मतभेद के बावजूद सभी ने श्री नेहरू के विजन के अनुसार ‘नये भारत’ के निर्माण में अपना योगदान दिया।

पूरे 50 साल तक संसद में सक्रिय रहने के बाद आज Rajya Sabha से विदा लेने वाले कांग्रेस के वरिष्ठ नेता डा़ कर्ण सिंह ने कहा कि आजाद भारत के सभी प्रधानमंत्रियों ने पंडित जवाहर लाल नेहरू के विजन के अनुसार ‘नये भारत’ के निर्माण के लिए काम किया है।

-एजेंसी