लोकसभा में पीएम ने बताया, पहली बार मुझे पता चला कि गले मिलने और गले पड़ने में क्या अंतर है

नई दिल्‍ली। 16वीं लोकसभा के आखिरी दिन पीएम मोदी ने लोकसभा में अंतिम भाषण दिया। इस दौरान सांसदों और संसद में किए गए कायों का भी उन्होंने जिक्र किया। पीएम ने हल्के-फुल्के अंदाज में विपक्ष पर चुटकियां लीं और कई सांसदों की तारीफ भी की। पीएम ने अपने भाषण में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे की तारीफ की तो वहीं राहुल गांधी पर तंज भी कसा। मोदी ने सभी सांसदों के साथ मुलायम सिंह यादव को विशेष धन्यवाद भी दिया। इस दौरान सांसदों और संसद में किए गए कायों का भी उन्होंने जिक्र किया।
मेरे लिए सब नया था: पीएम
पीएम मोदी ने भाषण में कहा, ‘2014 में मैं उन सांसदों में से एक था, जो पहली बार चुनकर आए हैं। मैं यहां बिल्कुल नया था। करीब-करीब 3 दशक बाद पूर्ण बहुमत वाली और आजादी के बाद पहली बार पूर्ण बहुमत वाली गैर कांग्रेस सरकार 2014 में बनी थी। 2014 के बाद 8 सत्र ऐसे थे, जिनमें 100 प्रतिशत से ज्यादा कम हुआ है। 16वीं लोकसभा में हम हमेशा गर्व करेंगे कि देश में पहली बार सबसे ज्यादा महिलाएं चुनकर आईं। देश में पहली बार इस सरकार में सर्वाधिक महिला मंत्री हैं।’
राहुल पर चुटकी
पीएम मोदी ने कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी पर हमला बोलते हुए कहा, ‘हम कभी-कभी सुनते थे कि भूकंप आएगा, लेकिन पांच साल में कभी भूकंप नहीं आया। कई बड़े-बड़े लोगों ने हवाई जहाज उड़ाए, लेकिन यह लोकतंत्र की ताकत है कि कोई भूकंप और हवाई जहाज उस ऊंचाई को छू नहीं पाया।’ पीएम ने कहा, ‘मैं पहली बार इस सदन में आया हूं तो कई चीजें मेरे लिए नई थीं। पहली बार मुझे पता चला कि गले मिलना और गले पड़ने में क्या अंतर है, पहली बार मैंने आंखों की गुस्ताखियां भी देखीं।’
गौरतलब है कि राहुल गांधी ने संसद सत्र में अपने भाषण के बाद पीएम मोदी को गले लगाया था और उसके बाद उनके आंख मारने की घटना देश की मीडिया में चर्चा का विषय बन गई थी। अपने भाषण में पीएम मोदी ने टीडीपी सांसद की वेशभूषा का जिक्र भी किया। उन्होंने कहा कि कई बार हमारी टेंशन को टीडीपी के एक सांसद अपनी अटेंशन में बदल देते थे।
खड़गे की तारीफ
पीएम मोदी ने लोकसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकर्जुन खड़गे की तारीफ करते हुए कहा, ‘मेरे भाषण को दाना पानी खड़गे जी से ही मिलता था। किसी समय आडवाणी जी सदन में पूरा समय बैठते थे, आज खड़गे जी भी पूरे समय सदन में होते हैं, हम सबको उनसे यह सीखना चाहिए। इस उम्र में भी उनकी ऊर्जा कम नहीं हुई है।’
‘विपक्ष ने भी दिया योगदान’
पीएम ने कहा, ‘आज मैं कोई उपलब्धि बताने नहीं आया हूं लेकिन कई काम इस सदन ने किए हैं। विपक्ष में रहकर भी कई सांसदों ने इसमें अपना योगदान दिया है। हम सबके लिए खुशी की बात है कि आज देश छठे नंबर की अर्थव्यवस्था बन गया है। आज भारत का अपना आत्मविश्वास बेहद बड़ा है। आज विश्व की सभी प्रतिष्ठित संस्थाएं भारत के उज्ज्वल भविष्य के संबंध में अपनी संभावनाएं बताती हैं।’
पूर्ण बहुमत की सरकार का जलवा अलग
पीएम मोदी ने कहा कि लोग कहते हैं कि मोदी और सुषमा जी के कार्यकाल में दुनिया में भारत की इज्जत बढ़ी है जबकि इसका कारण मोदी और सुषमा जी नहीं हैं। पीएम ने कहा, ‘दुनिया में भारत की इज्ज्त बढ़ी है क्योंकि यहां पूर्ण बहुमत वाली सरकार है। पूर्ण बहुमत वाली सरकार का दुनिया में असर ज्यादा होता है। उसका यश मोदी और सुषमा जी को नहीं जाता है, बल्कि 2014 के जनता के निर्णय को जाता है।’
दुनिया में हुआ नाम
पीएम ने कहा कि पिछले पांच साल में मानवता के काम में भारत ने बड़ी भूमिका अदा की। नेपाल के भूकंप हो या दुनिया में कहीं भी कोई ऐसा संकट, हमने आगे बढ़कर मदद की पेशकश की है। उन्होंने कहा, ‘यूएन में सबसे ज्यादा समर्थन से योग का रेजॉलूशन पास हुआ। यूएन में बाबा साहेब और महात्मा गांधी पर कार्यक्रम हुए हैं। गांधी जी के वैष्णव जन गीत को दुनिया भर के महान गायकों ने गाया है। हम विश्व में एक सॉफ्ट पावर के तौर पर भी उभरे हैं।’
219 में से 203 बिल पास हुए
पीएम ने कहा, ‘काम काज के लिहाज से भी यह कार्यकाल काफी अच्छा रहा। इस कार्यकाल में 219 बिल पेश हुए और 203 बिल पास हुए हैं। जब भी सदन के सदस्य जब भी इस कार्यकाल का जिक्र करेंगे तो बताएंगे कि वे उस कार्यकाल में सदस्य थे, जब कालेधन के कानून बने। इसी सदन ने शत्रू संपत्ति बिल पारित करके कई घावों को भरा है।’
पीएम ने कहा कि उच्च वर्ग के गरीब लोगों के लिए आरक्षण की व्यवस्था इसी सदन ने की। दोनों सदनों के सभी सांसदों को इसका श्रेय मिलना चाहिए। आने वाली पीढ़ियां इन सब कामों के लिए इस सदन को धन्यवाद देंगी।
पीएम ने कहा, ‘सभी सांसदों ने अपने-अपने ढंग से मेरी मदद की, उनका धन्यवाद। मुलायम सिंह जी का विशेष स्नेह के लिए धन्यवाद। सदन में काम करने वाले सभी कर्मियों का भी धन्यवाद।’
-एजेंसियां

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