Swami chinmayanand ने तोड़ी चुप्पी, बोले- SIT जांच में सभी षडयंत्रकारी सामने आ जाएंगे

शाहजहांपुर। Swami chinmayanand ने बुधवार को कहा कि एक षडयंत्र के तहत उन पर आरोप लगाए गए हैं। एसआईटी की जांच में षडयंत्रकारी सामने आ जाएंगे। Swami chinmayanand  ने कोर्ट के फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि अब एसआईटी की जांच में वह बेकसूर साबित होंगे। उन्होंने पार्टी के कुछ नेताओं पर षड्यंत्रकारियों को हवा देने का आरोप लगाया।

शाहजहांपुर के लॉ कॉलेज की छात्रा के साथ दुष्कर्म के आरोपों से घिरे ने कहा कि जिस नंबर से फिरौती मांगी गई थी उसी नंबर से वीडियो जारी किया गया था। उन्होंने कहा कि वो एसआईटी को सारे सबूत देंगे कि कौन-कौन षडयंत्र में शामिल थे।

उन्होंने दावा किया कि रविवार रात तक उनपर रुपये को लेकर दबाव बनाया गया था। फिरौती की रकम तीन करोड़ से घटा कर 25 लाख तक देने पर भी मामले को सुलझाने को कहा गया लेकिन उन्होंने इंकार कर दिया। उनसे पांच करोड़ की फिरौती मांगे जाने के संबंध में कहा कि इसकी जानकारी एसपी को दी थी।

उन्होंने कहा कि इससे पहले भी एक शख्स ने सौदा करने की कोशिश की थी। एसपी फिरौती के मैसेज की गोपनीय जांच करा रहे थे जिसकी जानकारी होने पर वीडियो को वायरल किया गया ।

गौरतलब है क‍ि एलएलएम की छात्रा ने स्वामी चिन्मयानंद पर वीडियो वायरल कर गंभीर आरोप लगाए थे। इसके बाद से ही स्वामी ने मौनवृत धारण कर लिया था। मोबाइल पर बातचीत में उन्होंने बताया कि उनके खिलाफ षड्यंत्र रचने में कुछ ऐसे लोग थे, जो पार्टी में रहते हुए रुपये के लालच में काम करते हैं।

Swami Chinmayanand ने कहा कि इस पूरे प्रकरण में एक ऐसे नेता भी शामिल रहे हैं, जो विद्यार्थी परिषद से राजनीतिक पारी शुरू करके मजबूत ओहदे पर बैठे हैं। उन्होंने कहा इस पूरे मामले में जिले के एक कद्दावर नेता नेतृत्व कर रहे थे। इस मामले से उनकी दिनचर्या पर कोई असर नहीं पड़ा। उनसे मिलने के लिए सोमवार को 50 साधु-संत आए और कहा कि वह पूरी तरह से उनके साथ हैं।

स्वामी ने कहा कि किसी भी राजनीतिक दल ने उनके खिलाफ कोई बयानबाजी नहीं की। केवल कांग्रेस की महासचिव प्रियंका गांधी ने एक बार उनके खिलाफ बयान देते हुए उन्हें कठघरे में खड़ा करने की कोशिश की, लेकिन जब उन्हें पता चला कि उनके खिलाफ षड्यंत्र रचा जा रहा है तो वह पीछे हट गईं।

– एजेंसी

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