केडी हास्पीटल में cancer cyst का सफल ऑपरेशन

मल्टी स्पेशियेलिटी केडी हास्पीटल के डा. श्याम बिहारी शर्मा ने मुकेश की चार वर्षीय पुत्री की पित्तवाहिनी और 6 सेमी की cancer cyst को चार घंटे के आॅपरेशन के बाद निकाला बाहर

मथुरा। मल्टी स्पेशियेलिटी केडी हास्पीटल में चार साल की काजल की पित्तवाहिनी की नली में छह सेमी की cancer cyst को निकालने में सफलता पाई है। सिस्ट को बाहर निकालने के लिए चार घंटे तक चले आॅपरेशन के दौरान सिस्ट गाल ब्लेडर को हटाकर छोटी आंत से नली बनाई गई। इस नली को हटाई गई नली के बराबर साइज की मोटाई में करके इसे यकृत से जोड दिया गया। इससे अब काजल को न केवल दर्द से मुक्ति मिल गई है अपितु उसे सिस्ट में भविष्य में कैंसर होने की संभावना से भी मुक्ति गई। काजल के पिता मुकेश कुमार ने बताया कि उसके कुछ हजार रुपयों में इतना जटिल आॅपरेशन हो गया है, जबकि दिल्ली के किसी हास्पीटल में यही आॅपरेशन कुछ लाख से कम नहीं होता।

छोटी आंत से नली बनाकर इसे हटाई गई नली के बराबर साइज की मोटाई में करके यकृत से जोडा, काजल को दर्द और कैंसर होने की आशंका से भी दिलाया हमेशा को आराम

राष्ट्रीय राजमार्ग-2 के अकबरपुर स्थित केडी मेडीकल कालेज, हास्पीटल एंड रिसर्च सेंटर की जनरल सर्जरी की ओपीडी में डा. श्याम बिहारी शर्मा के पास बीतेदिनों कोसीकलां निवासी मुकेश कुमार अपनी बेटी काजल के साथ पहुंचे। उन्होंने बताया कि वे अपनी बिटिया को दूर-दूर तक कई चिकित्सालयों में हमेशा बने रहने वाले दर्द के लिए दिखा चुके हंै। मगर बिटिया का होने वाले दर्द में कोई फायदा नहीं हो सका है। डा. श्याम बिहारी शर्मा ने सोनोग्राफी कराने के बाद बताया कि काजल को 6 सेमी साइज की कोलीडोकल सिस्ट है। इसी की वजह से काजल को हमेशा दर्द बना रहता है। ये सिस्ट बाद में कैंसर में बदल जाती है। इसका इलाज सिर्फ और सिर्फ एक्सिजन आफ सिस्ट एंड हिपेटिको डोको जेजुनोस्टोमी नामक आॅपरेशन होता है। मुकेश कुमार की सहमति के बाद डा. श्याम बिहारी ने काजल का चार घंटे तक आॅपरेशन कर सिस्ट को निकाला। आॅपरेशन में डा. शोभा अग्रवाल, डा. नविल शर्मा, डा. विक्रम यादव के अलावा सहायक के रुप में योगेश का सहयोग रहा।

ब्रज के बाल गोपालों की सेवा करने का मौका देें-डा. श्याम बिहारी शर्मा

कोलेडोकल सिस्ट पर लिखी पुस्तक पीडिएट्रिक हिपेटोबिलिटरी डिजीज के लेखक डा. श्याम बिहारी शर्मा ने बताया कि ये दुलर्भ और जटिल आॅपरेशन है। ऐसे केस बहुत ही कम देखने को मिलते हैं। इसी से इस आॅपरेशन को करने की दक्षता कुछ ही चिकित्सक रखते हैं। ऐसे आॅपरेशन अधिकतर एम्स स्तर के चिकित्सालयों में ही परफोर्म किए जाते हैं। ब्रज क्षेत्र में भगवान श्रीकृष्ण की कृपा से केडी हास्पीटल में ऐसे विरले आॅपरेशन हो पा रहे हैं। शिशु शल्य चिकित्सक डा. श्याम बिहारी शर्मा ने ऐसे विचित्र और अजीबोगरीब केस को उनके पास लाकर ब्रज के बाल गोपालों की सेवा करने का मौका देने को ब्रजवासियों से अनुरोध किया है।

बहु विशेषज्ञता वाले हास्पीटल में भर्ती कराएं मरीज-डा. रामकिशोर अग्रवाल
आरके एजुकेशन हब के चैयरमेन डा. राम किशोर अग्रवाल, वाइस चैयरमेन पंकज अग्रवाल और एमडी मनोज अग्रवाल ने कहा कि मल्टी स्पेशिएलिटी केडी हास्पीटल में एक ही छत के नीचे हर रोगों के विभाग के विशेषज्ञ होने से मरीज को आधुनिकतम मशीनों से संभालना आसान हो जाता है। अन्य चिकित्सालयों में अन्य रोगों के विशेषज्ञ न होने से बाहर से बुलाना पडता है। इससे मरीज को परेशानी होती है। ऐसे में मरीज को हर रोग के विशेषज्ञ वाले चिकित्सालय में उपचार हेतु ले जाना चाहिए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Translate »