कश्मीर में आतंकवाद से जूझते ज़िद्दी आर्मी ऑफिसर की कहानी

नई दिल्ली। जांबाज़ की कहानी आधारित है कश्मीर के आतंकवाद पर, समरप्रताप सिंह एक ज़िद्दी और जांबाज़ आर्मी ऑफिसर है जिसका एक ही मिशन है कश्मीर को आतंकियों और आतंकवाद से मुक्त कराना। इस जंग में वो कई बार गंभीर रूप से घायल भी होता है लेकिन इससे उसके जुनून और हौसले में कोई कमी नहीं आती है,साथ ही हमें इसमें कुछ मुहब्बत के रंग, बेवफाई के दाग, थोड़ी हँसी और थोड़े आँसू भी देखने को मिलते हैं। इस ऑडियो सीरीज को लोग काफी पसंद कर रहे हैं, इसी के मद्देनजर भारतीय सेना में कर्नल एवं इस ऑडियोबुक के लेखक गौतम राजऋषि स्टोरीटेल लाइव सत्र में नैरेटर अभिनेता पंकज कालरा और पब्लिशर प्रियंवदा रस्तोगी के साथ उपस्थित थे । इस ऑडियोबुक सीरीज को श्रोताओं ने बहुत सहारा है, सीरीज में अभिनेता पंकज कालरा ने अपनी दमदार आवाज दी है जिसे श्रोता बहुत पसंद कर रहे हैं।

इस चर्चा में कर्नल गौतम राजऋषि ने कहा ‘मैं हमेशा पहले एक सैनिक हूँ,बाकी सारा कुछ उसके बाद आता है । मुझे बचपन से सुपर हीरोज की कहानियां पसंद थी,जिस तरह से सुपरमैन में क्लार्क केंट चश्मा लगा कर के रिपोर्टिंग करता है उसी तरह मैं भी कभी-कभी शायरी और किताबें लिखा करता हूँ।

कर्नल ने आर्मी ऑफिसर की जिंदगी के बारे बताते हुए कहा ‘उरी और शेरशाह फिल्मों में जो आर्मी जवानों की जिंदगी के बारे में दिखाया है,असल में उससे भी कई गुना कठिन और जटिल है एक आर्मी जवान की जिंदगी,फिल्मों में असल आर्मी ऑफिसर के जिंदगी को बयां करना असंभव है । द फैमली मैन में मनोज वाजपेयी जिस आसानी से फोन नम्बर ट्रेस कर लेते हैं इतना आसान नही है असल आर्मी में नम्बर ट्रेस कर लेना।

इस कहानी में जो जो जगह बताई गई है वह सच्ची है, किरदार सारे सच्चे हैं सिर्फ नाम बदल दिए गए हैं। कई सारे संवाद सच्चे हैं,कहानी में कई सारे एक्शन और सींस भी सच्ची घटनाओं पर आधारित है। गौतम राजऋषि कहते हैं कि वे सीरीज के मेन कैरेक्टर समरप्रताप सिंह की आवाज के लिए पंकज कालरा को बिल्कुल उचित मानते हैं, उन्हें ऐसा लगता है कि समरप्रताप सिंह खुद स्वयं बोल रहा है,समरप्रताप सिंह की जो छवि उनके मन में थी वह पंकज अपनी आवाज देकर सबके सामने लाए हैं।

इस सीरीज की सम्पादक प्रियंवदा रस्तोगी ने अभिनेता पंकज कालरा से उनकी जांबाज़ में दमदार आवाज पर पूछने पर उन्होंने कहा “ऊपर वाले ने उन्हें यह कला दी है कि वह हर कैरेक्टर को किसी ना किसी तरह प्ले कर लेते हैं, तथा अपनी आवाज दे पाते हैं। इस सीरीज में आवाज देना उनके लिए गर्व की बात थी,एक आर्मी ऑफिसर की जिंदगी कितनी जटिल और कठिन है वह इस सीरीज को आवाज देते हुई ज्ञात हुआ”।
– Legend News

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