तूफान प्रभावित उड़ीसा को केंद्र सरकार से 1000 करोड़ रुपये की मदद का ऐलान

भुवनेश्‍वर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज चक्रवाती तूफान फोनी से प्रभावित ओडिशा के इलाकों का हवाई सर्वेक्षण किया। इस दौरान पीएम ने इस भीषण तूफान से मुकाबले के लिए सीएम नवीन पटनायक सहित यहां के लोगों की प्रशंसा भी की। साथ ही उन्होंने 1000 करोड़ रुपये की मदद का भी ऐलान किया।
पीएम ने बताया कि इस भीषण तूफान की तबाही से निकालकर सूबे को पटरी पर लाने के लिए केंद्र सरकार की तरफ से पहले भी 381 करोड़ रुपये की मदद दी जा चुकी है। इससे पहले आज सुबह पीएम मोदी भुवनेश्वर पहुंचे। यहां उन्होंने प्रभावित इलाकों में हवाई सर्वेक्षण के अलावा सीएम पटनायक और अन्य अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक भी की। हवाई सर्वेक्षण के दौरान पीएम के साथ राज्यपाल गनेशी लाल, सीएम नवीन पटनायक और केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान भी मौजूद रहे।
1000 करोड़ की मदद के ऐलान के बाद पीएम ने पत्रकारों से बातचीत में कहा, ‘इस भयावह तूफान के दौरान केंद्र और राज्य के बीच संवाद काफी बेहतर रहा। मैं खुद भी इसकी निगरानी कर रहा था। इस दौरान जिस तरह से ओडिशा के लोगों ने सरकार के निर्देशों का पालन किया, वे प्रशंसा के पात्र हैं।’
पश्चिम बंगाल में नहीं हो पाई बैठक
सीएम की प्रशंसा करते हुए पीएम ने कहा, ‘नवीन बाबू (नवीन पटनायक) ने बहुत अच्छा प्लान किया। केंद्र सरकार उसमें साथ रहकर सारी चीजों को आगे बढ़ा पाएगी।’ उधर, पीएमओ सूत्रों ने बताया कि पीएम मोदी ओडिशा की तरह पश्चिम बंगाल में भी चक्रवाती तूफान ‘फोनी’ के बाद उत्पन्न स्थिति के लिए सोमवार को समीक्षा बैठक करना चाहते थे। इसके लिए वहां की सरकार को पत्र भी लिखा गया। लेकिन राज्य सरकार ने जवाब में कहा कि सरकारी अधिकारी चुनाव ड्यूटी में बिजी हैं इसलिए समीक्षा बैठक नहीं हो सकती।
फोनी से 6 की मौत
बता दें कि सरकारी अधिकारियों ने फोनी तूफान से 6 लोगों की, जबकि न्यूज एजेंसियों ने 8 लोगों की मौत की पुष्टि की है। तूफान की गंभीरता को देखते हुए यह आंकड़ा बहुत कम है, क्योंकि इससे पहले आए ऐसे ही भीषण तूफान में 10 हजार से ज्यादा लोगों की जान चली गई थी। ऐसा भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के बेहतर वॉर्निंग सिस्टम, लाखों लोगों की सफल निकासी, केंद्र और राज्य सरकार के बीच बेहतर समन्वय और बड़ी एनडीआरएफ टीम की वजह से संभव हो पाया। -एजेंसियां

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