सीएम योगी की समीक्षा बैठक, उद्योगों का हब बनाने सह‍ित कई महत्वपूर्ण न‍िर्देश द‍िए

लखनऊ। आज सीएम योगी आद‍ित्यनाथ ने कोरोना से उपजे हालातों पर समीक्षा बैठक ली ज‍िसमें प्रदेश को उद्योगों के हब बनाने हेतु कई महत्वपूर्ण न‍िर्णया ल‍िए गए। टीम-11 के साथ लगातार अपने सरकारी आवास व कार्यालय में बैठक के दौरान समीक्षा में उनका फोकस चिकित्सा सुविधा के साथ लोगों के भोजन की उपलब्धता पर रहता है।

प्रदेश में कोविड अस्पतालों की संख्या बढ़ाने के साथ ही सैंपल चेकिंग के लिए प्राइवेट लैब को भी सरकार के साथ शामिल करने के बाद अब सीएम योगी आद‍ित्यनाथ की सबसे बड़े चिंता प्रवासी कामगार/श्रमिकों की है। वह इनको बड़ी संख्या में रोजगार देने का वादा कर चुके हैं। इसी क्रम में अब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ उत्तर प्रदेश को छोटे तथा मझोले उद्योगों का हब बनाने में जुटे हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज की अपनी समीक्षा बैठक में इसी पर जोरदार चर्चा के साथ योजना के क्रियान्वयन पर तेजी लाने का निर्देश दिया।

सीएम योगी आद‍ित्यनाथ ने कहा क‍ि विभिन्न राज्यों से उत्तर प्रदेश लौटने वाले प्रवासियों की एक सूची उपलब्ध कराई जाए, ताकि उन्हें उ.प्र. सुरक्षित लाया जा सके। इसके साथ ही लाॅकडाउन का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए। अन्तर्राज्यीय तथा अन्तर्राष्ट्रीय सीमाओं पर विशेष सतर्कता बरती जाय। साथ ही, विभिन्न राज्यों की सीमाओं से कोई भी व्यक्ति पैदल न चले, हर हाल में पलायन को रोका जाए।

उन्होंने कहा कि कोरोना संक्रमण के फैलाव को रोकने तथा परिस्थिति की माॅनीटरिंग के लिए आगरा, मेरठ तथा कानपुर जनपदों में एक उच्च स्तरीय मेडिकल टीम भेजी जाए। साथ ही, सभी अस्पतालों में PPE किट, N-95 मास्क, सेनिटाइजर सहित अन्य सभी आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए।

सभी कम्युनिटी किचन में साफ-सफाई सुनिश्चित की जाए। साथ ही, इन्हें सेनिटाइज भी किया जाए। इन किचन के माध्यम से जरूरतमंदों को अच्छा भोजन पर्याप्त मात्रा में देना सुनिश्चित किया जाए।

सभी प्रवासी श्रमिकों/कामगारों का स्वास्थ्य परीक्षण अनिवार्य रूप से किया जाए। अस्वस्थ होने की दशा में उन्हें उपचारित किया जाए। सभी स्वस्थ प्रवासी श्रमिकों/जरूरतमंदों को घर भेजते समय खाद्यान्न की किट एवं भरण-पोषण भत्ता भी उपलब्ध करवाएं।

उत्तर प्रदेश में पंजीकृत और गैर पंजीकृत मिलाकर कुल 90 लाख एमएसएमई इकाइयां हैं। टीम 11 के साथ बैठक करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि हर इकाई में एक अतिरिक्त रोजगार तैयार किया जाए तो 90 लाख लोगों की आजीविका का प्रबंध हो जाएगा। साथ ही योगी ने उद्योगों को ऑटोमोड पर सभी एनओसी देने की बात कही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उप्र में यह सेक्टर पहले की ही तरह अपने गौरव को प्राप्त करे यह मेरी प्रतिबद्धता है। उत्तर प्रदेश में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योगों (एमएसएमई) का बेहद संपन्न इतिहास रहा है। हर जिले के खास उत्पाद (एक जिला एक उत्पाद) इसका सबूत है। अब इन्हीं एमएसएमई उद्योगों और एक जिला एक उत्पाद के जरिए सरकार करीब 90 लाख अतिरिक्त रोजगार के अवसर मुहैया कराएगी।
– एजेंसी

50% LikesVS
50% Dislikes

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *