JEE Main 2020 की परीक्षा में सफलता के लिए उचित रणनीति

JEE Main 2020 का नया पैटर्न:

JEE Main पेपर-1 (बी.ई. / बी.टेक के लिए) और पेपर-2 (बी.आर्क / बी.प्लानिंग के लिए) की परीक्षा केवल ‘कम्प्यूटर आधारित टेस्ट’ मोड में आयोजित की जाएगी। लेकिन बी.आर्क का ड्राइंग टेस्ट ऑफलाइन मोड (पेपर-पेन के साथ) में आयोजित किया जाएगा। उम्मीदवार अपनी पसंद के अनुसार बी.ई. / बी.टेक, बी.आर्क या बी.प्लानिंग की परीक्षा के लिए उपस्थित हो सकते हैं। जेईई मेन 2020 की परीक्षा के पैटर्न के अनुसार, पेपर 1 में मल्टिपल चॉइस प्रश्न और संख्यात्मक प्रश्न शामिल होंगे जबकि पेपर 2 अब बी.आर्क और बी,प्लानिंग के उम्मीदवारों के लिए अलग-अलग होगा।

विषय के आधार पर तैयारी की रणनीति

स्टडी मटीरियल और महत्वपूर्ण टॉपिक्स:

इस स्टेज में आकर नई किताबें पढ़ने की गलती बिल्कुल न करें। हालांकि, अपने कॉन्सेप्ट्स को क्लियर करने के लिए कुछ जरूरी किताबों की मदद ले सकते हैं। इस चरण में समस्याओं को हल करने, शॉर्ट-कट विकसित करने, फॉर्मुला याद करने, अपनी कमजोरियों और ताकत को समझने में सबसे ज्यादा वक्त गुजारना चाहिए। अपने कॉन्फिडेंस को बढ़ाने और परीक्षा की गंभीरता को समझने के लिए उम्मीदवारों को मॉक टेस्ट सीरीज (ऑनलाइन और ऑफलाइन मोड में ) को अधिक से अधिक संख्या में हल करना चाहिए। जेईई मेन में अच्छे अंको के लिए टाइम मैनेजमेंट की समझ होना आनिवार्य है।

जेईई मेन के लिए फिजिक्स, केमिस्ट्री और मैथमेटिक्स के महत्वपूर्ण विषय:

जेईई के प्रश्न पत्र में 11वीं और 12वीं कक्षा की फिजिक्स, केमिस्ट्री और मैथमेटिक्स के अध्याय समान रूप से महत्व रखते हैं। हालांकि जब आप फिजिक्स, केमिस्ट्री और गणित के सभी अध्याय तैयार कर रहे होंगे, तो निम्नलिखित विषयों पर ज्यादा ध्यान देना चाहिए:

गणित: अलजेब्रा में क्वाड्रेटिक इक्वेशन और एक्सप्रेशन, कॉम्प्लेक्स नंबर्स, प्रोबेबिलिटी, वेक्टर, मैट्रिसेस; कॉर्डिनेट ज्योमेट्री में सर्कल, पैराबोला, हाइपरबोला; केल्क्युलुस में फंक्शन, लिमिट, कंटीन्यूटी और डिफ्रेन्शियबिलिटी, एप्लीकेशन ऑफ डेरिवेटिव, डेफिनेट इंटीग्रल।

एक्सपर्ट टिप: कॉन्फिडेंस के स्तर को बढ़ाने के लिए अधिक से अधिक प्रश्नों को हल करें।

फिजिक्स: कीनेमेटिक्स, गुरुत्वाकर्षण, तरल पदार्थ, गर्मी और ऊष्मप्रवैगिकी, लहरें और ध्वनि, कैपेसिटर और इलेक्ट्रोस्टैटिक्स, मैग्नेटिक्स, इलेक्ट्रोमैग्नेटिक इंडक्शन, ऑप्टिक्स और आधुनिक भौतिकी।

एक्सपर्ट टिप: इस विषय में अच्छे प्रश्नों की अधिक से अधिक प्रेक्टिस ही सफलता की कुंजी है।

केमिस्ट्री: इनऑर्गेनिक केमिस्ट्री, इलेक्ट्रोकेमिस्ट्री, केमिकल एंड आयोनिक इक्विलिब्रियम में कोऑर्डिनेशन केमिस्ट्री एंड केमिकल बॉन्डिंग; फिजिकल केमिस्ट्री और ऑर्गेनिक केमिस्ट्री में मोल कॉन्सेप्ट।

एक्सपर्ट टिप: पीरियोडिक टेबल को सामान्य रूप से देख लें और इनऑर्गेनिक केमिस्ट्री के लिए एनसीईआरटी की किताबें पढ़ें। ऑर्गेनिक केमिस्ट्री के लिए पहले बेसिक कॉन्सेप्ट क्लियर करें और फिर अधिक से अधिक प्रेक्टिस करें। और फिजिकल केमिस्ट्री के लिए न्यूमेरिकल का अधिक से अधिक अभ्यास करें।

सलाह:

छात्रों को फिजिक्स, केमिस्ट्री और मैथ्स में सिलेक्टिव अध्ययन से बचने की सलाह दी जाती है। आमतौर पर, सिलेबस में लिखे सभी विषयों को कवर किया जाता है। अब जब न्यूमेरिकल आधारित प्रश्न होंगे, तो छात्रों को अभ्यास के लिए इंटीगर प्रकार के उत्तरों के साथ सब्जेक्ट टाइप के प्रश्नों को हल करने की सलाह दी जाती है।

जेईई मेन के पेपर में पश्नों का उत्तर देने के लिए रणनीति:

कभी-कभी उम्मीदवारों की रैंक के चयन में सही रणनीति और टाइम मैनेजमेंट एक अहम भूमिका निभाते हैं। इसलिए पेपर के स्तर के बराबर की स्पीड होनी चाहिए, जिससे उसे समय पर पूरा किया जा सके। हालंकि, पेपर को हल करने के दौरान बताई गईं सभी चीजों का ख्याल रखना चाहिए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Translate »