नीति आयोग की बैठक में पीएम ने देश की अर्थव्यवस्था के लिए लक्ष्‍य निर्धारित किया

नीति आयोग की बैठक में पीएम ने देश की अर्थव्यवस्था के लिए लक्ष्‍य निर्धारित किया
नीति आयोग की बैठक में पीएम ने देश की अर्थव्यवस्था के लिए लक्ष्‍य निर्धारित किया

नई दिल्‍ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में शनिवार को नीति आयोग की 5वीं बैठक हुई। राष्ट्रपति भवन में हुई इस बैठक में मोदी ने कहा कि सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास मंत्र पूरा करने में नीति आयोग की अहम भूमिका है। 2024 तक देश की अर्थव्यवस्था 350 लाख करोड़ रु तक ले जाने का लक्ष्य कठिन है, लेकिन राज्यों के ठोस प्रयासों से इसे हासिल किया जा सकता है।
मोदी ने कहा, आय और रोजगार बढ़ाने में निर्यात क्षेत्र की भूमिका अहम है। राज्यों को इस पर ध्यान देना चाहिए। नया जलशक्ति मंत्रालय सिंचाई क्षेत्र में मददगार साबित होगा। केंद्र सरकार 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने के लिए प्रतिबद्ध है। सरकार मछली पालन, पशुपालन, फल और सब्जी उत्पादन पर जोर दे रही है। पीएम किसान, किसान सम्मान निधि और अन्य योजनाओं का लाभ किसानों को समय पर पहुंचाना सुनिश्चित किया जाए। जलशक्ति मंत्रालय ने जल संकट की स्थिति का आंकलन करने के लिए मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक की थी।
आयोग के पास राज्यों की योजनाओं के लिए वित्तीय अधिकार नहीं: ममता
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी, तेलंगाना के मुख्यमंत्री चंद्रशेखर राव और पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह इस बैठक में शामिल नहीं हुए। सभी राज्यों के मुख्यमंत्री, केंद्र शासित प्रदेशों के राज्यपाल, केंद्रीय मंत्री और सरकार के वरिष्ठ अधिकारी बैठक में मौजूद रहे।
ममता ने मोदी सरकार को पत्र लिखकर कहा था कि नीति आयोग के पास राज्यों की योजनाओं के लिए वित्तीय अधिकार नहीं हैं इसलिए इस बैठक में आना बेकार है।
ममता के मुताबिक, ‘दुर्भाग्य से बगैर किसी आंकलन और वित्तीय अधिकारों के योजना आयोग की जगह 2015 में नीति आयोग का गठन हुआ। इसमें राज्यों की वार्षिक योजनाओं को समर्थन देने संबंधित अधिकारों का अभाव है। नीति आयोग के साथ मेरा पिछले साढ़े चार साल का अनुभव है। यह राज्यों की योजनाओं के लिए निराधार है।’
वहीं, अमरिंदर सिंह ने खराब तबीयत का हवाला दिया है।
प्रधानमंत्री ने नीति आयोग का पुनर्गठन किया
प्रधानमंत्री ने 6 जून को ही नीति आयोग का पुनर्गठन किया था। राजीव कुमार आयोग के दोबारा उपाध्यक्ष बनाए गए। इसके अलावा वीके सारस्वत, वीके पॉल और रमेश चंद को फिर से सदस्य चुना गया। गृह मंत्री अमित शाह पदेन सदस्य हैं। शाह के अलावा राजनाथ सिंह, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर पदेन सदस्य के तौर पर शामिल हैं। योजना आयोग के स्थान पर 1 जनवरी 2015 को नीति आयोग का गठन किया गया था।
देशभर के ग्राम प्रधानों को मोदी का पत्र, बारिश के पानी को संग्रहित करने की कोशिश करें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जल संरक्षण के लिए देशभर के ग्राम प्रधानों और मुखियाओं को निजी तौर पर पत्र लिखा है। उन्होंने इस मानसून सीजन में ज्यादा से ज्यादा वर्षा जल को संग्रहित करने की अपील की है। ताकि गर्मी के दौरान पैदा होने वाले जलसंकट से निपटा जा सके। प्रधानमंत्री के हस्ताक्षर वाले यह पत्र कलेक्टर खुद गांव जाकर मुखियाओं को दे रहे हैं।
पूर्वी उप्र के 637 ग्राम प्रधानों को पत्र सौंपा गया
मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी के पास पूर्वी उप्र के 637 गांवों के मुखियाओं को प्रधानमंत्री का पत्र मिला है। जो ग्रामीण इलाकों में चर्चा का विषय बना हुआ है। इसमें कहा गया है कि ज्यादा से ज्यादा लोगों को बारिश का पानी संग्रहित करने के लिए प्रेरित करें।
प्रधानमंत्री ने लिखा- ”प्रिय सरपंच जी, नमस्कार। मैं आशा करता हूं कि आप और आपकी पंचायत में रहने वाले मेरे सारे भाई और बहन की सेहत अच्छी होगी। मानसून आने को है। हम सौभाग्यशाली है कि भगवान हमें बारिश के पानी के रूप में बहुत सारा जल देते हैं। हम सभी को मिलकर इसे सहेजने की कोशिश करना चाहिए।”
”आपसे निवेदन है कि पानी को कैसे संग्रहित किया जाए, ग्राम सभाओं में इस विषय पर चर्चा करें। मुझे पूरा भरोसा है कि आप सभी बारिश के पानी की एक-एक बूंद को संग्रहित कर सकते हैं।”
-एजेंसियां

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Translate »