पाकिस्तान: पंजाब प्रांत के न्यायिक समीक्षा बोर्ड ने जारी किया हाफिज सईद की रिहाई का आदेश

लाहौर। मुंबई हमले का मास्टरमाइंड और जमात-उद-दावा का सरगना हाफिज सईद पाकिस्तान में जल्द ही रिहा हो जाएगा। मुंबई हमले की बरसी से कुछ दिन पहले पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के न्यायिक समीक्षा बोर्ड ने बुधवार को उसकी रिहाई का आदेश जारी कर दिया। सईद को जनवरी से ही उसके घर में नजरबंद रखा गया है। बोर्ड ने हाफिज की नजरबंदी तीन महीने और बढ़ाने की सरकार की अपील को खारिज कर दिया।
बोर्ड ने कहा, ‘अगर हाफिज सईद किसी दूसरे केस में वांछित नहीं हो तो सरकार जमात-उद दावा चीफ को रिहा करे।’ मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक सईद को कल गुरुवार को ही रिहा कर दिया जाएगा।
पिछले महीने बोर्ड ने सईद की नजबंदी को 30 दिन के लिए बढ़ा दिया था। अब न्यायिक बोर्ड के बुधवार के आदेश के बाद सईद की रिहाई का रास्ता साफ हो गया है। इस बोर्ड में लाहौर हाई कोर्ट के भी कुछ जज शामिल थे। यह फैसला ऐसे समय में आया है जब एक दिन पहले ही पाक की पंजाब सरकार ने सईद को न्यायिक समीक्षा बोर्ड के समक्ष पेश कर उसकी नजरबंदी की मियाद तीन महीने और बढ़ाने की मांग की थी। राज्य सरकार की ओर से कहा गया था कि सईद को नजरबंदी से रिहा किया गया तो पाकिस्तान को अंतर्राष्ट्रीय प्रतिबंध का सामना करना पड़ सकता है।
उधर, विशेष लोक अभियोजक उज्जवल निकम ने इस कदम को ‘मूर्ख बनाने वाला’ करार दिया है। निकम ने कहा, ‘पाकिस्तान एक बार फिर मूर्ख बना रहा है। अब अमेरिका को इस मामले को संज्ञान में लेना चाहिए क्योंकि उसने हाफिज सईद को वैश्विक आतंकी घोषित कर रखा है।’
गौरतलब है कि 31 जनवरी को सईद और उसके चार सहयोगियों को पंजाब सरकार ने आतंकवाद निरोधी कानून के तहत नजरबंद कर दिया था।
एक दिन पहले पंजाब के गृह विभाग के एक अधिकारी ने बताया था कि संघीय वित्त मंत्रालय के पास सईद के खिलाफ कुछ महत्वपूर्ण सबूत है जो उसकी नजरबंदी को जायज ठहराते हैं। बोर्ड को यह भी बताया गया था कि खुफिया एजेंसियों की रिपोर्ट के आधार पर ही सईद को नजरबंद किया गया है। हालांकि पाक मीडिया रिपोर्ट्स में बताया जा रहा है कि पाक सरकार हाफिज की नजरबंदी बढ़ाने को लेकर कोर्ट में पर्याप्त सबूत पेश नहीं कर सकी, जिसका उसे लाभ मिला।
-एजेंसी