अब महाराष्ट्र और गुजरात की तरफ बढ़ रहा है ओखी तूफान

मुंबई। केरल, तमिलनाडु और लक्षद्वीप में तबाही मचाने के बाद ओखी तूफान अब महाराष्ट्र और गुजरात की तरफ बढ़ रहा है। मंगलवार देर रात तक वह गुजरात के तट से टकरा सकता है। तूफान के असर से दोनों राज्यों के कई हिस्सों में तेज हवा के साथ जबरदस्त बारिश से सामान्य जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।
मुंबई में मंगलवार को बारिश के साथ ओले भी गिरे। बता दें कि चक्रवाती तूफान ओखी मुंबई से दक्षिण-पश्चिम की ओर 670 किलोमीटर की दूरी पर है।
महाराष्ट्र सरकार ने एहतियात के तौर पर मुंबई, पालघर, ठाणे, रायगढ़, रत्नागिरी और सिंधुदुर्ग में सभी स्कूलों को बंद करने का आदेश दिया है। दूसरी तरफ चुनावी राज्य गुजरात में ओखी की वजह से चुनाव प्रचार पर भी असर हुआ है। बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह की 3 रैलियों को रद्द करना पड़ा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि वह लगातार स्थिति पर नजर रखे हुए हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने गुजरात में बीजेपी कार्यकर्ताओं से राज्यभर में तूफान से प्रभावित लोगों की मदद की अपील की है। मौसम विभाग के मुताबिक गुजरात में अगले 4 दिनों तक भारी बारिश हो सकती है। विभाग के मुताबिक, ‘वलसाड, सूरत, नवसारी, भरूच, दांग, तापी, अमरेली, गिर-सोमनाथ और भावनगर जिलों में भारी बारिश हो सकती है।’ गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने हालात से निपटने की तैयारी के तहत सूबे के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ आपात बैठक की है। मुंबई से 283 किलोमीटर दूर गुजरात के सूरत में रेस्क्यू टीम पहुंच चुकी है। कोस्ट गार्ड अधिकारियों के अनुसार, ओखी चक्रवात सूरत की ओर 85 किलोमीटर की रफ्तार से बढ़ रहा है।
ओखी तूफान धीरे-धीरे कमजोर हो रहा है और उसकी तीव्रता को ‘बहुत खतरनाक’ से ‘खतरनाक’ श्रेणी का कर दिया गया है। केंद्र सरकार ने सोमवार को बताया कि तूफान से प्रभावित मछुआरों समेत 1540 लोगों को तमाम एजेंसियों द्वारा बचाया गया है। राहत और बचाव अभियान में नौसेना के जहाज, हेलिकॉप्टर, कोस्ट गार्ड के जहाज और एयर फोर्स के हवाई जहाजों को लगाया गया है।
ओखी धीरे-धीरे कमजोर तो हो रहा है लेकिन पूर्व तट पर बंगाल की खाड़ी में एक और तूफान के बनने की आशंका से खतरा और बढ़ गया है। मौसम विभाग के मुताबिक बंगाल की खाड़ी में दक्षिण-पूर्व में एक कम दबाव वाला क्षेत्र बन रहा है जो तूफान का रूप लेकर बुधवार को तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश की तरफ बढ़ सकता है।
-एजेंसी