नीतीश का बड़ा बयान: कहा, जनसंख्या के हिसाब से हो आरक्षण का प्रावधान

बिहार में विधानसभा चुनाव को लेकर लगातार प्रचार में जुटे मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आरक्षण को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि जनसंख्या के हिसाब से आरक्षण का प्रावधान होना चाहिए, इसमें कहीं कोई संशय की बात नहीं है। नीतीश कुमार ने पश्चिमी चंपारण में एक चुनावी जनसभा को संबोधित करने दौरान ये बात कही है। यही नहीं, उन्होंने कहा कि जनगणना के बाद ही इस पर फैसला हो सकेगा।
वाल्मीकि नगर में क्या बोले सीएम नीतीश, सुनिए
वाल्मीकि नगर में एक चुनावी रैली के दौरान नीतीश कुमार ने कहा कि चंपारण से हमने न्याय यात्रा शुरू की और हर यात्रा की शुरुआत इसी धरती से करते रहे हैं। केंद्र में रहते थारूओं को अनुसूचित जनजाति का दर्जा दिया और समाज के उत्थान के लिए हरसंभव कार्य कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि जनगणना के बाद जनसंख्या के आधार पर आरक्षण के हम पक्षधर हैं। जहां तक जनसंख्या का सवाल है तो वह जनगणना के बाद ही तय किया जाता है। यह निर्णय हमारे हाथ में नहीं है जनगणना वाला। हम लोग ये चाहेंगे कि जितनी आबादी है उस हिसाब से उन लोगों को रिजर्वेशन का प्रावधान होना चाहिए। इसके बारे में कहीं कोई दो राय हम लोगों के मन में नहीं है।
‘वाल्मीकि नगर को इको-टूरिज्म के क्षेत्र में विकसित किया जाएगा’
सीएम ने वाल्मीकि नगर से लोकसभा के जेडीयू प्रत्याशी सुनील कुमार कुशवाहा और वाल्मीकि नगर विधानसभा के प्रत्याशी रिंकू सिंह के समर्थन में वोट मांगे। उन्होंने लोगों से फिर मौका देने की अपील करते हुए कहा कि अबकी बार बिहार के हर जिले में मेगा स्किल डेवलपमेंट सिस्टम के तहत युवाओं को रोजगार मिलेगा और हर गांव सोलर प्लांट से जगमग होगा। अगर कोई जिला बनेगा तो बगहा की मांग पर विचार किया जाएगा दूसरी ओर इंडो नेपाल सीमा पर स्थित वाल्मीकि नगर को इको-टूरिज्म के क्षेत्र में देश स्तर पर विकसित किया जायेगा। चुनावी सभा में गन्ना मूल्य बढ़ोत्तरी की मांग को लेकर तख्ती लेकर प्रदर्शन कर रहे किसानों को भी आश्वस्त करते हुए नीतीश कुमार ने निश्चिंत रहने की बात कहते हुए इस पर विचार का भरोसा दिलाया।
थारू समाज की ओर से की जा रही ये मांग
थारू आदिवासी और उरांव समाज की ओर से लोगों ने थरुहट से एक एमएलसी बनाने समेत आयोग में एक थारू और एक उरांव समाज की भागीदारी सुनिश्चित करने की मांग को प्रमुखता से उठाया। थारू जनजाति की ओर से 5 फीसदी अतिरिक्त आरक्षण बढ़ाने के अलावा थरुहट विकास अभिकरण को प्राधिकार में शामिल करने की मांग किया। अखिल भारतीय थारू कल्याण संघ के अध्यक्ष जगदीश सोखइत ने कहा कि अगर वर्तमान सरकार ने इनकी मांगें नहीं मानती है तो थारू आदिवासी और उरांव समाज की निर्णायक आबादी इसे गंभीरता से लेगी।
अब देखना दिलचस्प होगा कि लंबे अरसे से थारू उरांव समाज की मांग और राजनीतिक भागीदारी इस बार के चुनाव में कितनी कारगर साबित होगी। थरूहट से वाल्मिकी नगर लोकसभा सीट पर उपचुनाव में जिला परिषद अध्यक्ष शैलेन्द्र गढ़वाल और वाल्मिकी नगर विधानसभा क्षेत्र से हेमंत कुमार उर्फ सुमंत महतो चुनावी मैदान में ताल ठोक रहे हैं।
-एजेंसियां

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