मुगलसराय जंक्शन को मिला नया नाम, MGS की जगह हुआ DDU

चंदौली। उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले में मुगलों की निशानी माने जाने वाले मुगलसराय जंक्शन को रविवार के दिन नया नाम दे दिया गया। दरअसल, मुगलसराय जंक्शन नामक इस निशानी को केंद्र सरकार ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय नाम दिया है। भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) अध्यक्ष अमित शाह ने मुगलसराय जंक्शन के नए नाम के बोर्ड से परदा हटाया। इस दौरान केंद्रीय रेल मंत्री पीयूष गोयल, सीएम योगी आदित्यनाथ सहित कई सीनियर नेता मौजूद रहे।
बता दें कि केंद्र सरकार ने मुगलसराय जंक्शन का नाम बदलने की घोषणा पहले ही कर दी थी, इसको अमली जामा पहनाने का काम पिछले महीने से तेज हुआ। रेलवे के साथ मुगलसराय जंक्शन की जगह पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन नाम रविवार को जुड़ गया।
…और मिल गई नाम बदलने की अनुमति
गौरतलब है कि सूबे के सीएम योगी आदित्यनाथ ने ही मुगलसराय स्टेशन का नाम बदलने का सुझाव केंद्र सरकार के पास भेजा था, जिसे बाद में केंद्र ने स्वीकार कर लिया। गृह विभाग से अनापत्ति मिलने के बाद राज्यपाल राम नाईक ने नाम बदलने की अनुमति दी है। बीते 3 जुलाई को आदेश आने के बाद प्लेटफार्म से मुगलसराय का नाम बदलकर पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन करना शुरू कर दिया गया था। इस रेल जंक्शन पर रोजाना लगभग 200 से अधिक सवारी गाड़ियों का आवागमन होता है।
2017 में जारी हुई थी अधिसूचना
इतिहास पर नजर डालें तो सन 1862 में ईस्ट इंडिया कंपनी द्वारा दिल्ली से हावड़ा रूट बनाए जाते समय मुगलसराय रेलवे स्टेशन वजूद में आया था, जो अब एकात्म मानवतावाद के प्रणेता पंडित दीनदयाल उपाध्याय के नाम से जाना जाएगा। बीते वर्ष (2017) जून महीने में राज्य सरकार ने जंक्शन का नाम बदले जाने के संबंध में अधिसूचना जारी की थी। साथ ही यह तय किया गया था कि चंदौली जिले के एक महत्वपूर्ण स्टेशन का नाम पंडित दीनदयाल उपाध्याय, नगरपालिका परिषद का नाम पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर रखा जाएगा।
मुगलसराय के कोड MGS की जगह DDU का होगा प्रयोग
मंडल रेल प्रबंधक पंकज कुमार ने बताया कि रेलवे द्वारा नोटिफिकेशन जारी करने तक सिस्टम और सॉफ्टवेयर में दीनदयाल नगर स्टेशन के बजाए अभी मुगलसराय का शॉर्ट फॉर्म यानी एमजीएस को तलाशने पर ही डिटेल उपलब्ध हो पाएंगे। यहां के लिए टिकट लेते समय या इसकी बुकिंग करवाते समय अब भविष्य में मुगलसराय के कोड MGS की जगह DDU का प्रयोग करना होगा।
-एजेंसियां

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