Moody’s ने घटाई भारत की रेटिंग, लेकिन सरकार बेफिक्र

नई दिल्‍ली। जानी-मानी रेटिंग एजेंसी Moody’s ने भारत की क्रेडिट रेटिंग को स्टेबल से घटाकर नेगेटिव कर दिया है लेकिन भारत सरकार इकॉनमी के फंडामेंटल्स मजबूत होने का दावा कर रही है।
Moody’s का मानना है कि आने वाले समय में भारतीय अर्थव्यवस्था की ग्रोथ पहले के मुकाबले धीमी रह सकती है, जिसका कारण सरकार के प्रयासों का कम प्रभावी होना है।
सरकार ने Moody’s के रेटिंग डाउग्रेड करने के बाद कहा कि भले Moody’s ने भारत की रेटिंग घटाई लेकिन भारतीय अर्थव्यवस्था सबसे तेज रफ्तार आगे बढ़ने वाली इकॉनमीज में शामिल है। पिछले वर्ल्ड इकनॉमिक आउटलुक में IMF ने कहा था कि वित्त वर्ष 2019 में भारत का ग्रोथ रेट 6.1% रहेगा जबकि 2020 में यह बढ़कर 7% हो जाएगा। भारतीय अर्थव्यवस्था का पोटेंशल ग्रोथ रेट बरकार है, IMF का मूल्यांकन और कई अन्य संस्था का आउटलुक भी भारत के लिए सकारात्मक है।
सरकार ने पूरी इकॉनमी को मजबूत करने के लिए कई कदम उठाए हैं। वैश्विक सुस्ती को देखते हुए सरकार ने कई नीतिगत फैसले भी लिए हैं, जिनकी वजह से भारतीय इकॉनमी के लिए आउटलुक पॉजिटिव हो सकता है। इस वजह से निवेश आकर्षित होगा।
इकॉनमी के फंडामेंटल मजबूत रहेंगे, मुद्रास्फीति कंट्रोल में रहेगी और बॉन्ड यील्ड कम रहने का अनुमान है। आने वाले समय के लिए भारतीय इकॉनमी में मजबूत संभावनाएं दिखाई दे रही हैं।
-एजेंसियां

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Translate »