लखनऊ विकास प्राधिकरण में आग लगी, 500 करोड़ से ज्यादा के भ्रष्टाचार की फाइलें जलीं

लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधनी लखनऊ के विकास प्राधिकरण में शनिवार तड़के आग लग गई। नई बिल्डिंग की चौथी मंजिल पर लगी आग से कई फाइलें जलकर खाक हो गईं। लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) में भ्रष्टाचार की कई जांच चल रही हैं। आशंका जताई जा रही है कि आग भ्रष्टाचार के सबूतों को मिटाने के लिए जानबूझकर लगाई गई है।
शनिवार सुबह एलडीए की नई बिल्डिंग की चौथी मंजिल पर सुरक्षा गार्डों ने आग की लपटें देखीं। अंदर जाकर देखा तो वहां भयंकर आग लगी थी। गार्डों ने तत्काल फायर बिग्रेड को फोन किया। अधिकारियों को सूचना दी गई। मौके पर गोमती नगर पुलिस और 5 फायर बिग्रेड की गाड़ियां पहुंची। फायर बिग्रेड की गाड़ियां काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा सकीं।
कंप्यूटर भी जले
एलडीए में लगी इस आग में कई फाइलें ही नहीं कंप्यूटर भी जलकर खाक हो गए। कंप्यूटर जलने से इसमें रखे गए डॉक्युमेंट्स और सुरक्षित किया गया डाटा भी जल गया।
500 करोड़ से ज्यादा के भ्रष्टाचार की फाइलें जलीं
एलडीए के लोगों ने बताया कि जिस फ्लोर पर आग लगी वहां भ्रष्टाचार से जुड़ी तमाम फाइलें रखी थीं। इस फ्लोर पर समायोजन और प्रॉपर्टी से संबधित फाइलें रखी थीं। समायोजन घोटाले के लगभग 500 करोड़ रुपये के भ्रष्टाचार की जांच चल रही थी। ऐसे में अचानक उसी फ्लोर पर आग लगना जहां भ्रष्टाचार के सबूत रखे थे संदिग्ध माना जा रहा है।
फायर सिस्टम ने दिया धोखा
लखनऊ विकास प्राधिकरण में करोड़ों रुपये खर्च करके फायर सिस्टम लगाया गया थी। कुछ समय पहली ही फायर सिस्टम में दुरुस्त करने में करोड़ों रुपये कर्च किए गए थे। जब एलडीए में आग लगी तो फायर सिस्टम नहीं चला। गार्ड्स ने बताया कि आग लगने के बाद जब उन लोगों ने फायर सिस्टम से आग पर काबू पाने का प्रयास किया तो फायर सिस्टम नहीं चला। काफी मशक्कत करने के बाद भी निराशा हाथ लगी। ऐसे में फायर बिग्रेड की गाड़ी आने के बाद ही आग बुझाने का काम शुरू हो पाया।
-Legend News