बरसाना की लठामार होली: प्रेम भरी लाठियों से निहाल हुई रंगीली गली

बरसाना की रंगीली गली आज प्रेम से फिर निहाल हो गई। नंदगांव से होली खेलने आए हुरियारों पर बरसाना की हुरियारिनों ने प्रेम भरी लाठियों की बरसात कर दी। ये सिलसिला काफी देर तक चलता रहा। हुरियारे बार-बार हुरियारिनों को चिढ़ाते और उसके जवाब में प्रेम से लाठियां खाते।
फागुन मास की नवमी तिथि को नंदगांव के नंद महल से नंदबाबा को साथ लेकर हुरियारे ग्वाल मंडली के साथ बरसाना पहुंचे। हुरियारे सिर पर पगड़ी बांधे हाथों में ढाल, पिचकारी और कमर में गुलाल की फेंट बांधे बृषभान दुलारी के महल की ओर‘दरसन दे निकस अटा ते बृषभान दुलारी दरसन दे के पद गाते हुए लाड़लीजी महल में पहुंचे। यहां बरसाना के हुरियारे टेसू के फूलों से तैयार रंग पिचकारी में भरकर उन पर डालने लगे। कुछ हुरियारे कृष्ण रूपी ध्वजा को राधारानी के सामने ले गए। सेवायतों ने कृष्ण की ध्वजा को गुलाल लगाने के बाद माला पहनाकर राधारानी के विग्रह से मिलन कराया। उसके बाद नंदगांव बरसाना के गोस्वामी समाज के मध्य होली का समाज गायन किया गया।
इसके बाद वो शुरू हुआ, जिसका साल भर से इंतजार था। हुरियारे रंगीली गली में टोली के रूप में उतरकर हुरियारिनों से हंसी-ठिठोली करने लगे। इसका जवाब हुरियारिनों ने लाठियों से दिया। लाठियों की तड़तड़ाहट से समूची रंगीली गली गूंजने लग गई। लट्ठों की मार से गदगद हुए श्रद्धालु राधारानी की जय जयकारे लगाने लगे।
-एजेंसियां

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Translate »