यदि नहीं बना कानून तो लोग अपने दम पर बना लेंगे राम मंदिर: स्‍वामी रामदेव

हरिद्वार। विश्व हिंदू परिषद, आरएसएस और शिवसेना के अयोध्या में जमावड़े और केंद्र सरकार पर अध्यादेश लाकर राम मंदिर निर्माण को लेकर दबाव के बीच योग गुरु बाबा रामदेव ने अपना रुख जाहिर किया है। बाबा रामदेव ने कहा कि लोगों के सब्र का बांध टूट चुका है, इसलिए सरकार को कानून लाकर राम मंदिर का निर्माण करना चाहिए। रामदेव ने कहा कि ऐसा नहीं हुआ तो लोग अपने दम पर मंदिर बनाने लगेंगे और माहौल खराब होगा।
बाबा रामदेव ने यहां मीडिया से बात करते हुए कहा, ‘लोग धैर्य खो चुके हैं। राम मंदिर निर्माण के लिए कानून लाया जाए वरना लोग अपने दम पर ही इसे बनाने में लग जाएंगे। अगर ऐसा होता है तो सांप्रदायिक सौहार्द बिगड़ सकता है। मुझे विश्वास है कि इस समय देश में राम का कोई विरोधी नहीं हैं, सभी हिंदू, मुस्लिम और ईसाई उनके ही वंशज हैं।’
‘मंदिर निर्माण न होने पर विद्रोह’
बता दें, इससे पहले भी बाबा रामदेव ने कहा था कि राम मंदिर का निर्माण न होने पर विद्रोह हो सकता है। उन्होंने मुजफ्फरनगर में कहा था, ‘राम मंदिर निर्माण का रास्ता सुप्रीम कोर्ट से नहीं, बल्कि संसद से साफ होगा और सरकार को इस ओर पहला कदम बढ़ाना चाहिए। लोगों के सब्र का बांध टूट रहा है। वे अब ज्यादा इंतजार नहीं कर सकते।’
पीएम मोदी को बताया था रामभक्त
रामदेव ने कहा था, ‘जब हद से ज्यादा किसी मुद्दे को दबाया जाता है और कोई समाधान नहीं निकलता है तो विद्रोह की संभावना तो बनेगी ही।’ हरिद्वार में निकाय चुनाव में मतदान के बाद पत्रकारों से बातचीत में भी बाबा रामदेव ने कहा था कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राष्ट्र भक्त हैं और राम भक्त भी।

सरकार को भी साधू संतों की भावना का सम्मान करना चाहिए: मोहन भागवत
राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत ने पतंजलि के नवनिर्मित आवासीय शिक्षण संस्थान पतंजलि गुरुकुलम् के भवन के उद्घाटन समारोह में राम मंदिर को लेकर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि राम मंदिर निर्माण को लेकर आरएसएस ने रुख साफ कर दिया. मोहन भागवत ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि राम मंदिर वहीं बनेगा और संघ शुरू से साधु संतों की भावना के साथ है. सरकार को भी साधु संतों की भावना का सम्मान करना चाहिए.
भागवत के अलावा योग गुरू बाबा रामदेव ने राम मंदिर को लेकर बड़ा बयान दिया है. हरिद्वार उद्घाटन के मौके पर योग गुरू बाबा रामदेव ने कहा कि जब एयरपोर्ट, स्कूलों और अस्पतालों के लिए सरकारों द्वारा जमीन अधिग्रहित की जा सकती है तो राम मंदिर के लिए क्यों नहीं. बाबा रामदेव ने कहा कि ये मालिकाना हक, रजिस्ट्री का मुकदमा नहीं है. ये धरती राम और कृष्ण की है लिहाजा जल्द से जल्द ये जमीन अधिग्रहीत कर सरकार को ट्रस्ट को सौंप देनी चाहिए और सभी धर्म मंदिर बनाना चाहते हैं.
बाबा रामदेव ने आगे कहा कि लोग धैर्य खो चुके हैं. राम मंदिर के लिए कानून लेकर आओ, नहीं तो लोग खुद ही इसे बनाना शुरू कर देंगे. अगर लोग ऐसा करेंगे तो साम्प्रदायिक सौहार्द बिगड़ सकता है.
-एजेंसियां

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Translate »