BCCI में सेटिंग ना होने की वजह से हेड कोच नहीं बन पाया: सहवाग

वीरेंद्र सहवाग टीम इंडिया के हेड कोच क्यों नहीं बन सके? इस सवाल का जवाब खुद सहवाग ने दिया। उन्होंने कहा कि BCCI में कोई सेटिंग ना होने की वजह से, वे हेड कोच नहीं बन पाए। उन्होंने एक चैनल से इंटरव्यू में कहा, “मैंने अपनी मर्जी से नहीं, बल्कि बीसीसीआई के मेंबर्स के कहने के बाद इस पोस्ट के लिए अप्लाई किया था।’ बता दें कि जून 2017 में अनिल कुंबले के हटने के बाद जुलाई में रवि शास्त्री टीम इंडिया के नए कोच बने हैं। इसके लिए बीसीसीआई ने एप्लीकेशन मंगवाने से लेकर इंटरव्यू तक की प्रॉसेस की थी।
सहवाग ने कहा, ‘मेरा इस जॉब में इंटरेस्ट नहीं था। बीसीसीआई के सचिव अमिताभ चौधरी के कहने पर मैंने अप्लाई किया।’‘
इससे पहले मैंने विराट कोहली और रवि शास्त्री से भी बात की थी। तब शास्त्री ने कहा था कि वे इसबार पुरानी गलती दोहराना नहीं चाहते और कोच पद की रेस में नहीं हैं।’
कब हुई थी शास्त्री से बात?
सहवाग के मुताबिक, “जब मैं जून में चैम्पियंस ट्रॉफी के दौरान इंग्लैंड में था, तभी शास्त्री से इस बारे में चर्चा की थी।अगर पता होता कि शास्त्री हेड कोच की पोस्ट के लिए अप्लाई कर देंगे, तो मैं ऐसा कभी नहीं करता।”
बता दें कि रवि शास्त्री ही कोच के लिए विराट कोहली के फेवरेट थे। 10 जुलाई को कोच का अनाउंसमेंट बीसीसीआई की एडवाइजरी कमेटी को करना था। इससे कुछ दिनों पहले ही शास्त्री कोच कैंडिडेट्स में शामिल हुए थे।
कितनी देर चला था सहवाग का इंटरव्यू?
10 जुलाई को कोच के नाम का अनाउंसमेंट क्रिकेट एडवाइजरी कमेटी के मेंबर्स सौरव गांगुली, वीवीएस लक्ष्मण और सचिन तेंडुलकर को करना था। दिनभर मुंबई में इंटरव्यू प्रॉसेस चली। वीरेंद्र सहवाग भी इंटरव्यू देने पहुंचे थे। उनका प्रेजेंटेशन करीब 2 घंटे तक चला था। शास्त्री वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए जुड़े थे।
क्यों खास थी सहवाग की एप्लीकेशन?
सहवाग ने हेड कोच के लिए BCCI को केवल दो लाइनों में अपनी एप्लीकेशन भेजी थी। इसमें लिखा था- मैं आईपीएल में किंग्स इलेवन पंजाब का मेंटर हूं और इन खिलाड़ियों के साथ पहले खेल भी चुका हूं।
नाम के एलान में देरी क्यों की गई?
सौरव गांगुली ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा था कि कोच का नाम अभी डिक्लेयर नहीं किया जाएगा। इसके लिए जल्दबाजी नहीं है। कोहली से चर्चा के बाद ही फैसला होगा।
अगले ही दिन सुप्रीम कोर्ट द्वारा गठित कमेटी CoA के दखल के बाद शाम को ही नाम की एलान करना पड़ा। रवि शास्त्री को हेड कोच अप्वाइंट किया गया।
-एजेंसी