Gautam Gambhir ने अपने खिलाफ जारी जमानती वारंट पर दी सफाई

Gautam Gambhir ने कहा कि उनका वकील हर तारीख पर कोर्ट में मौजूद रहते थे, वह हमेशा ही कानून का पालन करते रहे

नई दिल्‍ली। Gautam Gambhir ने अपने खिलाफ जारी जमानती वारंट पर ट्वीट कर सफाई देते हुए बताया कि कैसे कोर्ट की तारीखें उनके रणजी मुकाबलों और बाकी कमर्शियल कामों से टकरा रही थीं जिसके चलते वह कोर्ट में पेश नहीं हो सके और वारंट जारी हो गया।

हाल ही में क्रिकेट से संन्यास का लेने वाले Gautam Gambhir को दिल्ली की एक अदालत ने एक रियल एस्टेट प्रोजेक्ट में फ्लैट खरीदारों से कथित तौर पर धोखाधड़ी से जुड़े एक मामले में लगातार समन भेजने के बावजूद पेश नहीं होने पर पूर्व क्रिकेटर Gautam Gambhir के खिलाफ जमानती वारंट जारी किया। जमानती वारंट जारी होने के बाद गौतम गंभीर ने इस मसले की पूरी जानकारी दी।

इसके साथ ही Gautam Gambhir ने कहा कि उनका वकील हर तारीख पर कोर्ट में मौजूद रहते थे, वह हमेशा ही कानून का पालन करते रहे हैं। इसके साथ ही गंभीर ने साफ कर दिया कि वह इस कंपनी के ब्रैंड एंबेसडर थे ना कि इसमे उनकी कोई भूमिका थी। इसके साथ ही गंभीर ने फ्लैट्स खरीदने वाले के लिए सहानुभूति प्रकट की और कहा कि इस मामले में वह जो कर सकते हैं, वह करेंगे।

क्या है मामला

शिकायत के अनुसार, 17 फ्लैट खरीदारों ने आरोप लगाया है कि उन्होंने 2011 में गाजियाबाद के इंदिरापुरम क्षेत्र में एक आने वाले एक प्रोजेक्ट में फ्लैटों की बुकिंग के वास्ते 1.98 करोड़ रुपए दिए थे लेकिन यह प्रोजेक्ट कभी शुरू नहीं हुआ। गंभीर रूद्र बिल्डवेल रिएलिटी प्राइवेट लिमिटेड और एच आर इंफ्रासिटी प्राइवेट लिमिटेड के संयुक्त प्रोजेक्ट के निदेशक और ब्रांड एम्बेसेडर थे।

हाउसिंग परियोजना में अपार्टमेंट बुक करने के नाम पर जनता से 1.98 करोड़ रुपए ठगने के आरोप में 2016 में मामला दर्ज कराया गया था। मुख्य मेट्रोपॉलिटल मजिस्ट्रेट मनीष खुराना ने कहा, ‘इस तथ्य को ध्यान में रखते हुए कि गौतम गंभीर इस मामले में लगातार पेश नहीं हो रहे हैं और यहां तक कि सुनवाई की अंतिम तारीख में छूट संबंधी अर्जी खारिज होने के बाद भी वह हाजिर नहीं हुए इसलिए आरोपी के खिलाफ 10 हजार रुपए का जमानती वारंट जारी किया जाता है।’ अदालत ने मामले की अगली सुनवाई 24 जनवरी निर्धारित की है।

गौतम गंभीर ने भारत के लिए 58 टेस्ट और 147 वनडे मैच खेले। गंभीर 2007 टी-20 विश्व कप टीम का हिस्सा थे और चिर प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान के खिलाफ फाइनल में शीर्ष स्कोरर रहे थे। गंभीर ने 2011 विश्व कप के फाइनल में भी श्रीलंका के खिलाफ 97 रन की पारी खेली थी। भले ही इस मैच में गंभीर शतक लगाने से चूक गए थे, लेकिन उन्होंने वर्ल्ड कप भारत की झोली में डालने में अहम भूमिका निभाई थी।

-एजेंसी

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Translate »