पहली बार वकीलों पर मार: कमाई पर देना होगा 42.7 प्रतिशत तक Tax

नई दिल्‍ली। बजट में करोड़पतियों पर ज्यादा Tax लगाने के ऐलान का सबसे ज्यादा असर मोटी कमाई करने वाले सीनियर वकीलों पर पड़ेगा। 2 से 5 करोड़ की सालाना आय पर सरचार्ज मिलाकर 39 प्रतिशत का Tax देय होगा जबकि 5 करोड़ से ज्यादा की कमाई पर सरचार्ज जोड़कर यह दर 42.7 प्रतिशत होगी।
दरअसल, देश की पहली पूर्णकालिक महिला वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने पहले आम बजट में करोड़पति अमीरों पर ज्यादा Tax लगाए जाने का ऐलान किया है। बजट में किए गए इस ऐलान का सबसे ज्यादा असर देश के अमीर वकीलों पर पड़ेगा। इस लिस्ट में ऐसे कुछ रिटायर्ड जज भी हो सकते हैं जो मोटी कमाई कर रहे हैं।
बजट के मुताबिक 2 से 5 करोड़ की सालाना आय पर सरचार्ज मिलाकर 39 प्रतिशत का टैक्स देय होगा जबकि 5 करोड़ से ज्यादा की कमाई पर सरचार्ज जोड़कर यह दर 42.7 प्रतिशत होगी।
बच गए राम जेठमलानी
देश में कुछ ऐसे सफल वकील भी हैं जो रोजाना 1 करोड़ रुपये तक की कमाई करते हैं। याद कीजिए सुप्रीम कोर्ट के बड़े वकीलों में शुमार बीजेपी नेता अरुण जेटली ने दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल पर 10 करोड़ के मानहानि का केस किया था। केजरीवाल की पैरवी के लिए देश के दिग्गज क्रिमिनल लॉयर राम जेठमलानी ने तब मोटी फीस मांगी थी। ट्रायल कोर्ट में हर अपीयरेंस के लिए उन्होंने 1.22 करोड़ रुपये की रिटेनर फीस चार्ज की थी। हालांकि, इस बजट में किए गए ऐलान का जेठमलानी पर ज्यादा असर नहीं होगा क्योंकि उन्होंने काफी शोहरत और पैसा कमाने के बाद रोज-रोज के मुकदमों से किनारा कर लिया है।
लिस्ट से ये भी बाहर
सफलता, शोहरत, पैसा और कानूनी ज्ञान के मामले में उनके करीब तक पहुंचने वालों में सोली जे सोराबजी, फली एस नरीमन, के पारासरन जैसे और भी कई बड़े नाम हैं। हालांकि, जेठमलानी से अलग ये दिग्गज सुप्रीम कोर्ट के चुनिंदा केस ही लेते हैं। कुछ साल पहले तक ये तीनों वकील सालाना आय के मामले में सुपर रिच की कैटिगरी में आते थे लेकिन अब ऐसा नहीं है।
सीतारमण के ‘टैक्स द सुपर रिच (अतिधानढ्य पर अतिरिक्त Tax)’ की कैटेगरी से बाहर रहने वालों में इन तीन वकीलों के आलावा आर एफ नरीमन, यू यू ललित और एल नागेश्वर राव जैसे पूर्व वकील भी शामिल हैं क्योंकि मोटी कमाई की कुर्बानी देकर अब ये सुप्रीम कोर्ट में जज बन गए हैं।
इन पर पड़ेगी मार
हरीश साल्वे, मुकुल रोहतगी, कपिल सिब्बल, ए एम सांघ्वी, गोपाल सुब्रमण्यम, पी चिदंबरम, सलमान खुर्शीद, पराग त्रिपाठी, केटीएस तुलसी, मनिंदर सिंह, विकास सिंह, रंजीत कुमार, सिद्धार्थ लूथरा, अजीत सिन्हा, श्याम दीवान और के वी विश्वनाथ को कमाई पर मोटा टैक्स देना होगा। हालांकि करोड़ों की कमाई करने वाले वकीलों की लिस्ट काफी लंबी है और ये नाम उनमें से कुछ ही हैं।
वकीलों की मोटी कमाई
1992 में उदारीकरण और वैश्वीकरण के बाद से Legal Profession में काफी कमाई होने लगी। उदारीकरण के बाद के दो दशकों में बड़े वकीलों की फीस काफी बढ़ गई और पहले जो वकील आसानी से केस ले लेते थे, वे आम लोगों की पहुंच से परे हो गए। देश में कोई और Profession ऐसा नहीं है जिसमें 5 मिनट की फीस 15-20 लाख रुपये तक हो। यहां तक कि कई वकील केस को सिर्फ समझने-समझाने के लिए ही लाखों रुपये चार्ज कर देते हैं।
-एजेंसियां

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Translate »