CBDT ने अधिकारियों को दिया आदेश, सामान्य करदाताओं के खिलाफ कठोर आकलन पर रोक लगाएं

नई दिल्ली। CBDT ने सामान्‍य करदाताओं कोपरेशान करने वाली सरकारी ऑफीसर्स की प्रवृत्‍ति को लेकर कड़ा रुख अपनाया है। केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने आयकर विभाग को सख्त निर्देश दिया है कि वह सामान्य करदाताओं के खिलाफ होने वाले कठोर आकलन पर रोक लगाए। साथ ही इस तरह के अतार्किक आदेश देने वाले या इन निर्देशों का उल्लंघन करने वाले अधिकारियों का तबादला करे या उन पर कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिये।

CBDT चेयरमैन सुशील चंद्र ने आयकर विभाग के सभी क्षेत्रीय प्रमुखों को एक पत्र लिखकर यह निर्देश दिए हैं। पत्र में इस संबंध में 2015 में शुरू किए गए अभियान की असफलता पर चिंता व्यक्त की गई है जिसका मकसद करदाताओं की इस तरह के आकलन से जुड़ी शिकायतों का निवारण करना है।

CBDT आयकर विभाग के लिए नीतियां बनाने वाला सर्वोच्च निकाय है। बोर्ड ने चार साल पहले इस मामले में हर क्षेत्र के लिए प्रधान मुख्य आयुक्त की अध्यक्षता में एक स्थानीय समिति बनाने का प्रस्ताव किया था जिसका मकसद कर आकलन की कठोर गतिविधियों से जुड़ी करदाताओं की शिकायतों का तेजी से निवारण करना था।

यह निर्णय मोदी सरकार की सामान्य करदाता के कर निर्धारण में कठोरता के साथ आकलन करने को खत्म करने के प्रयासों का हिस्सा है।कर विभाग ने इस संबंध में कम से कम 10 आकलन निर्धारण अधिकारियों के खिलाफ कारवाई की है।

एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि इस मामले में अभी काफी कुछ नहीं हुआ है। कठोर धरातल पर करदाताओं के अनुचित आकलन में बिना गंभीरता के अतिरिक्त आय को जोड़ दिया जाता है, दिमाग पर ज्यादा जोर नहीं दिया जाता और मामले को तय करने में गंभीरता नहीं दिखाई जाती है।

-एजेंसी

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Translate »