घपला: लखनऊ यूनिवर्सिटी के चार प्रोफेसर एकसाथ दो कॉलेजों में स्‍थाई फैकल्‍टी

लखनऊ। लखनऊ यूनिवर्सिटी के अधिकारियों ने ऐसे मामलों को पकड़ा है जिनमें चार प्रोफेसर एक साथ दो-दो कॉलेजों में स्‍थाई फैकल्‍टी के तौर पर काम कर रहे हैं।
यह घपला तब पकड़ में आया जब इन दो कॉलेजों ने अपने टीचर्स की डीटेल लखनऊ यूनिवर्सिटी (एलयू) के पोर्टल पर अपलोड की।
विश्‍वविद्यालय से संबद्ध 165 कॉलेजों की डीटेल जांचते समय विश्‍वविद्यालय के अधिकारियों ने पाया कि चार ऐसे टीचर थे जिनके नाम, विषय, फोटो और दूसरे ब्‍यौरे दूसरे कॉलेज में भी एक जैसे थे।
विश्‍वविद्यालय के रजिस्‍ट्रार ए के शुक्‍ला ने कहा, ‘एलयू से संबद्ध इन कॉलेजों में से एक माल के पास है और दूसरा सुलतानपुर रोड पर स्थित है। इनमें से एक टीचर जो विषय एक कॉलेज में पढ़ा रहा है, वहीं वह दूसरे कॉलेज में भी पढ़ा रहा है। इन कॉलेजों ने जो डिटेल अपलोड की है, उस हिसाब से दोनों कॉलेजों में हिंदी, होम साइंस, समाजशास्‍त्र और एजुकेशन पढ़ाने वाले प्रोफेसर एक ही हैं। यहां तक कि दोनों में जॉइनिंग डेट भी एक समान है।’
इस बारे में रजिस्‍ट्रार ने आगे बताया, ‘इन दोनों कॉलेजों और चारों प्रोफेसरों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। इस बात की जांच हो रही है कि यह फर्जीवाड़ा कॉलेजों ने किया है या फिर प्रोफेसरों ने।’
शुक्‍ला का कहना था कि इनके खिलाफ फौरन कार्यवाही इसलिए नहीं की जा रही है क्‍योंकि कई बार जब प्रोफेसर एक कॉलेज छोड़कर दूसरे कॉलेज में जाते हैं तो उनके रेकॉर्ड अपडेट नहीं हो पाते। पर अब इस बात की जांच जरूर की जाएगी कि कहीं ये प्रोफेसर दोनों की कॉलेजों से सैलरी तो नहीं ले रहे।’
उन्‍होंने कहा, ‘अगर कॉलेज या प्रोफेसर या दोनों दोषी पाए गए तो एलयू अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर उनके नाम सार्वजनिक करेगी और उनके खिलाफ कड़ी कार्यवाही भी की जाएगी।’
गौरतलब है कि पिछले साल जनवरी में एलयू ने सभी कॉलेजों को आदेश दिया कि वे अपनी फैकल्‍टी की डीटेल यूनिवर्सिटी डेटा रिसोर्स सेंटर पोर्टल पर अपलोड कर दें। बहुत से कॉलेजों ने बार-बार चेतावनी के बाद ही यह ब्‍यौरा अपलोड किया था। इन दोनों कॉलेजों ने भी एलयू से कई बार चेतावनी मिलने के बाद ही डीटेल अपलोड किए थे।
-Legend News

50% LikesVS
50% Dislikes

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *