Akhilesh Yadav ने कहा- अयोध्या का माहौल खराब, सुप्रीम कोर्ट यहां आर्मी तैनात करे

Akhilesh Yadav ने बीजेपी को निशाने पर लेते हुए कहा कि उसे न तो सुप्रीम कोर्ट पर भरोसा है और न ही संविधान पर

पन्‍ना। समाजवादी पार्टी के प्रमुख Akhilesh Yadav ने बीजेपी को निशाने पर लेते हुए कहा कि उसे न तो सुप्रीम कोर्ट पर भरोसा है और न ही संविधान पर. बीजेपी किसी भी हद तक जा सकती है. उत्तर प्रदेश, खासकर अयोध्या का माहौल जिस तरह बदल रहा है उसे देखते हुए सुप्रीम कोर्ट को संज्ञान लेना चाहिए और जरूरत पड़ने पर आर्मी की तैनाती की जानी चाहिए.

उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्‍यमंत्री और सपा प्रमुख Akhilesh Yadav ने अयोध्‍या में राम मंदिर मामले में जानमाल के भारी नुकसान की आशंका जताई है. मध्‍य प्रदेश के पन्‍ना में अपनी पार्टी के लिए चुनाव प्रचार करने पहुंचे अखिलेश ने कहा कि भाजपा किसी भी हद तक जा सकती है. उन्‍होंने मांग की कि सुप्रीम कोर्ट को अयोध्‍या में फौज लगाकर सुरक्षा के पुख्‍ता इंतजाम करने के निर्देश देने चाहिए. अखिलेश ने कहा कि भाजपा को न तो संविधान पर भरोसा है और न सुप्रीम कोर्ट पर. उन्‍होंने कहा कि अगर अयोध्‍या में फौज लगाने की भी जरूरत पड़े तो वो भी लगाई जाए लेकिन सुरक्षा के पुख्‍ता इंतजाम किए जाएं. सपा प्रमुख ने कहा कि भाजपा को सुप्रीम कोर्ट के फैसले का सम्‍मान करना चाहिए. राम मंदिर पर अध्‍यादेश लाने की बात पर अखिलेश ने कहा कि राम मंदिर पर फैसला सुप्रीम कोर्ट से ही होना चाहिए.

इस बीच 22 नवंबर को विश्व हिंदू परिषद (विहिप) ने 25 नवंबर को अयोध्या में धर्मसभा के आयोजन की घोषणा कर दी है. विहिप ने इसे राम मंदिर निर्माण के लिए अंतिम धर्मसभा बताया है. विहिप की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि राम मंदिर निर्माण के लिए यह धर्मसभा अंतिम संदेश है.

विहिप के अवध प्रांत के संगठन मंत्री भोलेन्द ने बयान में लोगों से आह्वान किया कि वे सभी 25 नवंबर को अयोध्या पहुंचें. इस दिन अयोध्या में भगवान श्रीराम का भव्य मंदिर बनाने के लिए अंतिम धर्मसभा हो रही है. इसके बाद धर्मसभा नहीं होगी, मंदिर निर्माण होगा. विहिप के संगठन मंत्री ने विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि यह धर्मसभा श्रीराम के विरोधियों को, जनेऊ पहन हिंदू बनकर मान सरोवर की यात्रा करने वालों और रामनामी दुपट्टा ओढ़कर राम मंदिर का विरोध करने वालों को भी अंतिम संदेश है.

वहीं, शिवसेना नेता संजय राउत ने कहा कि हमने 17 मिनट में बाबरी मस्जिद तोड़ दी थी, तो कानून बनाने में कितना समय लगता है? राष्ट्रपति भवन से लेकर उत्तर प्रदेश तक बीजेपी की सरकार है. राज्यसभा में भी कई ऐसे सांसद हैं तो राम मंदिर निर्माण के पक्ष में हैं. जो सांसद इसका विरोध करेंगे उनका देश में घूमना मुश्किल हो जाएगा.
-एजेंसी

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