Squamous cell carcinoma कैंसर की चौथी स्‍टेज पर हैं एक्टर टॉम अल्टर

मुंबई। Squamous cell carcinoma यानि कैंसर की चौथी जैसी बीमारी से जूझ रहे हैं मशहूर फिल्म, टेलिविजन और थिअटर ऐक्टर और पद्म श्री टॉम ऑल्टर । मुंबई के सैफी हॉस्पिटल में हॉस्पिटलाइज़ होने के एक सप्ताह बाद ऑल्टर की फैमिली की ओर से सोमवार को यह जानकारी दी गई है।

ऑल्टर 67 साल के हैं और स्क्वॉमस सेल कार्सिनोमा की चपेट में वह फिर से आ गए हैं। फिलहाल उनका इलाज चल रहा है और सैफी हॉस्पिटल के एक्सपर्ट सुपरविज़न में हैं। उनका परिवार चाहता है कि इलाज के दौरान उनकी निजता का सम्मान किया जाए।

67 साल के टॉम अल्टर ने ‘जबान संभालके’, शक्तिमान, कैप्टन व्योम ऐसे कई टीवी सीरियल में काम किया है लेकिन अब वे कैंसर जैसी बीमारी से जूझ रहे हैं. अल्टर के बेटे जैमी ने इस बात की जानकारी दी है।

फिल्म और थियेटर का जाना-माना नाम टॉम अल्टर कैंसर की चौथी स्टेज पर हैं. इन्हें टीवी सीरियल ‘जबान संभालके के लिए पद्मश्री अवार्ड से भी नवाजा गया था. हाल ही में खबर थी कि उन्हें बॉडी पेन की शिकायत के बाद मुंबई के सिटी अस्पताल में भर्ती करवाया गया था।
एक अंग्रेजी वेबसाइट के अनुसार उनके बेटे टॉम जैमी ने कन्फर्म किया कि उन्हें कैंसर हो गया है।

फेमस फिल्म ऐंड टेलिविजन इंस्टिट्यूट ऑफ इंडिया पुणे से साल 1974 में गोल्ड मेडल डिप्लोमा ग्रैजुएट टॉम कई टीवी शोज़ और तकरीबन 300 से अधिक फिल्मों में काम कर चुके हैं। उनके सभी किरदारों में सबसे ज्यादा याद किया जाता है टीवी सीरियल ‘जुनून’ में गैंगस्टर केशव कलसी का किरदार, जो 90 के दशक में 5 वर्षों तक चला। ऐक्टिंग के अलावा ऑल्टर डायरेक्शन और साल 1980 से लेकर 1990 के दश्क में स्पोर्ट्स जर्नलिस्ट भी रह चुके हैं। वह पहले जर्नलिस्ट थे, जिन्होंने टीवी पर सचिन तेंडुलकर का इंटरव्यू लिया था जो क्रिकेट में कदम रखने को तैयार थे। ऑल्टर ने तीन किताबें लिखी हैं, जिनमें से एक नॉन-फिक्शन और दो फिक्शन हैं। कला और फिल्म जगत में उनके अभूतपूर्व योगदान के लिए साल 2008 में उन्हें भारत सरकार की ओर से पद्मश्री पुरस्कार से नवाजा जा चुका है।

गौरतलब है कि चाय और शायरी के शौक़ीन टॉम ऑल्टर ने अपने जीवन में 300 से अधिक फिल्मों में अभिनय किया है.

अल्टर ने एक इंटरव्यू में कहा था, मैंने राजेश खन्ना के साथ एक्टिंग की, सुनील गावस्कर के साथ क्रिकेट खेला, शर्मिला टैगोर के साथ अभिनय किया, पटौदी साहब, मिल्खा सिंह से मिला, दिलीप कुमार, देव आनंद, राजकपूर के साथ काम करने मुझे का मौका मिला. ये जो जवानी के सारे सपने थे, वे पूरे हुए.

Squamous cell carcinoma से जूझने वाले टॉम आल्‍टर के लिए उनके प्रशंसकों ने दुआऐं मांगी हैं।
-एजेंसी